पंचायत में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि दिग्विजय चौटाला अपने बयान वापस लें और सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि उन्होंने ऐसा नहीं किया तो गांव उनका सामाजिक और राजनीतिक बहिष्कार करेगा तथा भविष्य में गांव में उनके प्रवेश और राजनीतिक कार्यक्रमों का विरोध किया जाएगा।
ग्रामीणों ने कहा कि बामला गांव कमजोर नहीं है और गांव में आने वाले किसी भी व्यक्ति की सहायता के लिए हमेशा तैयार रहता है। पंचायत में बामला-1 सरपंच प्रतिनिधि सुरेश, बामला-2 सरपंच प्रतिनिधि अभिषेक उर्फ नेसी, बामला कमेटी प्रधान सुंदर ग्रेवाल, ग्रेवाल खाप प्रधान जगबीर ग्रेवाल, डॉ. मनफूल, बलबीर दूहन, बलवान सूबेदार, सुक्रम पाल ठेकेदार और बलबीर पूनिया सहित अनेक ग्रामीण मौजूद रहे।