पुरानी आईटीआई के पास पुलिस वैन पर हमले की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पाकस्मां में हुए हत्याकांड का बदला लेने के लिए यह हमला किया गया था। वैन पर हमला करने वालों की पहचान हो गई है।
पुलिस ने पांच नामजद समेत कई युवकों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने इस मामले में दो युवकों को हिरासत में लिया है। पुलिस अधीक्षक ने इस संबंध में तीन टीमों का गठन किया है। वहीं पीजीआई में भर्ती तीनों कैदियों की हालत स्थिर बनी हुई है।
हमले के बाद मंगलवार को पुलिस ने अदालत परिसर के साथ-साथ कैदियों को लाने व ले जाने वाले पुलिस वाहनों की सुरक्षा भी बढ़ा दी है। सोमवार को पुरानी आईटीआई के पास पुलिस वैन पर हमला करने के मामले में सिविल लाइन पुलिस ने गांव पाकस्मां निवासी कृष्णा के बयान गांव पाकस्मां निवासी मोनू, सेठी, हिम्मत, सोनू, संदीप सहित अन्य युवकों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
जांच के दौरान यह बात सामने आई कि 24 मार्च 2011 को गांव पाकस्मां में सुरेंद्र की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी और उसका भाई जोगिंद्र घायल हो गया था। इस मामले में पुलिस ने नरेश, विकास और राजसिंह के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया था।
नरेश व उसके भाई विकास से हत्या का बदला लेने के लिए पुलिस वैन पर उक्त लोगों ने हमला किया था। नरेश के भाई विकास ने हमलावरों की पहचान की है। पुलिस आरोपियाें की गिरफ्तारी के लिए संबंधित स्थानों पर छापेमारी कर रही है। मंगलवार को अदालत परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
साथ ही कैदियों को लाने व ले जाने वाली पुलिस वैनों की सुरक्षा को लेकर अलग से पुलिस लगा दी गई है। पुलिस महानिरीक्षक अनिल राव ने सुरक्षा को लेकर पुलिस अधीक्षक राजेश दुग्गल से रिपोर्ट तलब की है। पुलिस अधीक्षक का कहना है कि अदालत परिसर में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।