अंबाला सिटी। जिले में सोमवार को किसानों का भारत बंद सफल रहा। वहीं मजबूरी में घर से बाहर निकले लोगों के लिए बंद मुसीबत बन गया। सड़कें जाम होने के चलते यात्री मिनटों का सफर घंटों में पैदल तय करने के लिए मजबूर हो गए। पैदल चलने से थके कई यात्रियों ने पेड़ों के लिए दोपहर गुजारी। वहीं जाम में फंसे ट्रक चालकों ने खाना बनाने के लिए जुगाड़ का सहारा लिया।
पुलिस ने जनता को पेरशानी से बचाने के लिए रूटमैप तैयार करते हुए वैकल्पिक रास्तों की व्यवस्था की थी, लेकिन सभी मार्ग बंद होने के चलते यात्रियों को मंजिल तक पहुंचने के लिए खूब पसीना बहाना पड़ा है। कुछ ऐसा ही नजारा हरियाणा पंजाब बॉर्डर स्थित शंभू टोल पर रहा। यहां किसानों की ओर से लगाए गए जाम के चलते पंजाब की ओर से दिल्ली की तरफ जा रहे यात्रियों को बस व टैक्सी चालकों ने मंजिल तक पहुंचाने का मनमाना भाड़ा वसूला और यात्रियों को शंभू बॉर्डर से एक किलोमीटर पीछे ही यह कहकर उतारा दिया कि आगे जाम है।
इनमें कुछ परिवार ऐसे भी थे, जो कि रोजी-रोटी की तलाश में घर से निकले थे, लेकिन बंद के चलते परिवार ने छोटे-छोटे बच्चों के साथ पेड़ की छांव की शरण लेकर दोपहर गुजारी। दूसरी ओर कुछ ट्रक चालक कई किलोमीटर लंबे जाम में फंस गए। इस पर चालक ट्रक में ही बैठकर पेट की आग शांत करने का जुगाड़ किया। कहीं भीणण गर्मी के चलते लोग खुद भूखे रहे लेकिन अपने बच्चों को जूस पिलाते दिखे। इस दौरान मुसीबत झेल रहे लोगों का कहना था कि किसानों का आंदोलन सही है और हम इसके बाद भी किसानों की मांगों का समर्थन करते हैं।