संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। केसरी में खाना बनाते समय सिलेंडर में आग लगने पर पिता और पुत्री झुलस गए। जैसे ही सिलिंडर में आग लगी तो दोनों पास ही खड़े थे। कपड़ों में आग लगते ही वह बाहर को भागे और चीख पुकार सुनकर स्थानीय लोग पहुंच गए। इन पर कपड़े डालकर किसी तरह आग को बुझाया। झुलसी अवस्था में प्राथमिक उपचार के लिए छावनी नागरिक अस्पताल में दाखिल कराया गया, जहां वह उपचाराधीन है।
डॉक्टर ने बताया कि पिता और पुत्री के हाथ पैर और शरीर का कुछ हिस्सा झुलस गया है। पिता 40 तो पुत्री 35 प्रतिशत तक झुलस गई। प्राथमिक उपचार देने के बाद उन्हें चंडीगढ़ पीजीआई रेफर कर दिया है। घायल गांव केसरी निवासी 33 वर्षीय कमल ने बताया कि वह अपने गांव में ही खाने पीने के सामान की रेहड़ी लगाता है।
दोपहर के समय वह पहले तो सिलिंडर भराकर लाया था। जैसे ही खाना बनाने लगा तो अचानक से आग लग गई। नौ वर्षीय बेटी नेहा भी पास में थी तो वो भी झुलस गई। गनीमत यह रही कि वह बाहर को भाग लिया और लोगों ने आग बुझा दी। इसके अलावा घर पर तीन वर्षीय छोटी बेटी पूजा और पत्नी कलावती थी लेकिन वो उस समय कमरे से बाहर थे। समय रहते सिलिंडर की आग पर काबू पा लिया, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।
ट्रेन की चपेट में आने से युवक की मौत
अंबाला। ट्रेन की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई। हादसा अंबाला कैंट और धूलकोट रेलवे स्टेशन के बीच सेंटर जेल के पुल के नजदीक हुआ। मौके पर पहुंची टीम ने इसकी सूचना जीआरपी प्रभारी धर्मवीर को दी जोकि कुछ ही देर में मौके पर पहुंच गए। उन्होंने बताया कि घटनास्थल पर ही मृतक के परिजन पहुंच गए थे। मृतक की पहचान अंबाला सिटी के कबीर नगर निवासी 21 वर्षीय मांशू के तौर पर हुई है, जोकि दिहाड़ी-मजूदरी करता था। यह जानकारी मृतक युवक के पिता राजिंदर कुमार ने दी। उसने बताया कि मांशू सुबह लगभग नौ बजे से काम के लिए निकला था। कुछ देर बाद सूचना मिली कि उनका बेटा ट्रेन की चपेट में आ गया है और उसका शव रेलवे लाइन के नजदीक झाड़ियों में पड़ी है। जांच अधिकारी जगदेव ने बताया कि पोस्टमॉर्टम के बाद शव उनके सुपुर्द कर दिया है।