संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। शातिर ठग ने खुद को भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) का लखनऊ स्थित कर्मचारी बताकर शास्त्री कॉलोनी निवासी बुटीक संचालिका से 2,72,990 रुपये ठग लिए। ठग ने पीड़िता को किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) और एनपीए खातों के नवीनीकरण के नाम पर निवेश करने और म्यूचुअल फंड में पैसा लगाकर अच्छा मुनाफा कमाने का झांसा दिया।
जांच अधिकारी जसबीर सिंह ने बताया कि शास्त्री कॉलोनी, पड़ाव थाना निवासी महिला के अनुसार, वह घर पर ही बुटीक का काम करती हैं। जनवरी माह में वह अपने मोबाइल पर ऑनलाइन गेम खेल रही थीं। उसी दौरान आयुष मिश्रा नाम के व्यक्ति से उनकी बातचीत हुई।
ठग ने खुद को लखनऊ एसबीआई का कर्मचारी बताया और फर्जी आई-कार्ड, फोटो व वीडियो भेजकर महिला का विश्वास जीत लिया। इसके बाद आरोपी ने केसीसी और एनपीए खातों को रिन्यू करने के नाम पर फंड निवेश करने और मोटा मुनाफा देने का लालच दिया। विश्वास बनाने के लिए शुरुआती दिनों में ठग ने कुछ रकम मुनाफे के रूप में महिला के खाते में वापस भी भेजी।
अलग-अलग किस्तों में ट्रांसफर किए रुपये
आरोपी के झांसे में आकर महिला ने 26 जनवरी से मई तक अलग-अलग यूपीआई आईडी और मोबाइल नंबरों आदि पर 20 हजार, 80 हजार, 50 हजार और 75 हजार रुपये करके कई किस्तों में कुल 2.73 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। जब महिला ने अपने पैसे वापस मांगे, तो आरोपी ने कभी बैंक डाटा लीक होने तो कभी अकाउंट फ्रीज होने का बहाना बनाना शुरू कर दिया। 14 अक्तूबर को पीड़िता के पंजाब नेशनल बैंक खाते में 31,212 रुपये की राशि पुट ऑन होल्ड हो गई और खाता बंद हो गया। महिला को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद महिला ने 1930 साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई।
पीड़िता की शिकायत और पंचकूला से प्राप्त जीरो एफआईआर के आधार पर साइबर क्राइम थाना में आरोपी आयुष मिश्रा के खिलाफ धोखाधड़ी की धारा 318(4) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। जिन यूपीआई आईडी और बैंक खातों में पैसे ट्रांसफर हुए हैं, उनकी जांच की जा रही है।
- जसबीर सिंह, जांच अधिकारी, साइबर थाना।