हरियाणा के अंबाला में अदालत ने बिजली टीम पर हमला करने और पुलिस की वर्दी फाड़ने के मामले में दोषी मां, बेटी और दो बेटों को 10-10 वर्ष कैद की सजा सुनाई है। इस मामले में युवती सहित परिवार के चार लोगों को गिरफ्तार किया था।
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जानकारी के अनुसार मंगलवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश संदीप सिंह ने इस मामले पर फैसला सुनाते हुए सजा देने का फैसला सुरक्षित रखा था और बुधवार को उन्होंने ये फैसला सुना दिया। जिस युवती को सजा सुनाई गई है, घटना के बाद उसकी गिरफ्तारी के दौरान उसकी शादी की तारीख भी तय हो गई थी।
पुलिस के अनुसार जून 2017 में महेश नगर और शिवपुरी क्षेत्र में बिजली चोरी के मामले की जांच के लिए बिजली निगम और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची थी। इस दौरान कुछ लोगों ने टीम पर हमला कर दिया। इसके बाद पुलिस और बिजली टीम पर हमला करने और वर्दी फाड़ने के आरोप में पुलिस ने 19 जून 2017 को छह आरोपियों के खिलाफ महेश नगर थाना में केस दर्ज किया था।
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अदालत ने इस मामले में बिमला रानी, नेहा, रवि और भूपिंद्र को दोषी करार दिया है, जबकि अन्य दो आरोपियों में शामिल हर्ष और रीना को बरी कर दिया है। बुधवार को न्यायाधीश ने इस मामले में नेहा, बिमला रानी,रवि और भूपिंद्र को 10-10 साल कैद की सजा सुनाई है।