हरियाणा पुलिस ने एडवोकेट सुरेश बंसल की हत्या के मुख्य आरोपी विजय कुमार को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसे अदालत में पेश कर रिमांड मांगा।
अदालत ने विजय सिंह को पांच दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
वहीं, मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद भी वकीलों का धरना जारी है। वकीलों का कहना है कि जब तक सभी आरोपी नहीं पकड़े जाते धरना और अनशन जारी रहेगा।
आज वकीलों की आपातकालीन बैठक
सुरेश बंसल हत्याकांड मामले में प्रशासन की बेरुखी के विरोध में वकीलों ने सात सितंबर, शनिवार को 11 बजे वकीलों की एक बैठक फतेहाबाद बार एसोसिएशन कार्यालय में बुलाई है।
प्रधान सुशील बिश्नोई ने बताया कि सात सितंबर को होने वाली इस बैठक में जिलास्तर पर कमेटियों का गठन करके आंदोलन को तेज करने की रूपरेखा तैयार की जाएगी।
ये था मामला
फतेहाबाद स्थित लाजपत नगर निवासी वकील सुरेश बंसल (65) पुत्र ओमप्रकाश का भट्टूकलां निवासी विजय कुमार के साथ छह कनाल भूमि का 2009 से विवाद चल रहा था। विजय कुमार का जमीन पर कब्जा था।
विवाद में अदालत ने विजय कुमार को फसल आदि के नाम पर 13 लाख मुआवजा राशि भरने के आदेश दिए थे, जिसे वह समय पर भर नहीं पाया। इसपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत ने विवादित जमीन की कुर्की के आदेश दिए थे।
31 अगस्त की सुबह भट्टूकलां के पंचायत घर में विवादित जमीन की बोली की जा रही थी। तभी दोपहर एक बजे विजय कुमार अपने बेटे रवि के साथ आया और नायब तहसीलदार के सामने कुर्सी पर बैठे वकील सुरेश बंसल की गर्दन पर पीछे से तेजधार हथियार से हमला कर दिया, जिससे उनकी मौत हो गई।
प्रशासन की बेरुखी पर फूटा गुस्सा
पुलिस की नाकामी से क्षुब्ध वकीलों ने शुक्रवार को जमकर नारेबाजी की। साथ ही लोक संपर्क विभाग की ओर से धरना खत्म होने की झूठी खबर जारी करने पर जिला लोक संपर्क अधिकारी को तुरंत बर्खास्त करने की मांग भी की।
शनिवार को धरने पर बैठने वालों में सुनील मित्तल, अजय गिल्होत्रा, भारत भूषण गर्ग, संजीव जैन, अनिल मित्तल शामिल रहे। रतिया, भट्टू, टोहारा, सिरसा, आदमपुर के वकीलों ने भी कामकाज ठप रखा।
इस दौरान राजकुमार, मोहनलाल नारंग, महेंद्र वधवा, रविंद्र गोदारा, संत कुमार टुटेजा, रामराज मेहता, प्रवीन जोड़ा, महेश तनेजा, हरपाल ग्रोहा, जगबीर सिंह, कुलवंत जांगड़ा, सूरज प्रकाश मौजूद थे।a