गोरखपुर शहर के नौ चौराहों पर ट्रैफिक लाइट इसी महीने से ऑटोमेटिक हो जाएगी। नियत समय के अंतराल पर ट्रैफिक लाइट लाल (रेड) और हरी (ग्रीन) हो जाया करेगी। दरअसल इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आइटीएमएस) योजना के अंतर्गत कुल 21 चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल को यातायात की बेहतरी के लिहाज से लगाए गए हैं। किसी लेन में अधिक ट्रैफिक होने पर उधर की लाइट स्वत : ही हरी (ग्रीन) हो जाएगी ताकि जाम की स्थिति न हो।
आइटीएमएस की शुरुआत यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए की गई है। इसके तहत शहर में प्रमुख चौराहों पर स्वचालित कैमरे लगवाए गए हैं जिनकी मदद से नियम तोड़ने वालों का आटोमैटिक चालान करने की योजना है। यहां कैमरा आधारित ई-चालान की व्यवस्था यातायात पुलिस की प्रवर्तन क्षमता को बढ़ाएगी। जैसे-जैसे यातायात सुधरेगा, चौराहों-तिराहों पर पुलिस कर्मी की उपस्थिति कम करने की कोशिश की जाएगी।
ऑपरेशन कंट्रोल रूम किया जा रहा तैयार
सभी चौराहों पर अडॉप्टिव ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम, 13 चौराहों पर रेड लाइट उल्लंघन डिटेक्शन सिस्टम, दो सड़कों पैडेलगंज से मोहद्दीपुर व मेडिकल कॉलेज रोड पर स्पीड डिटेक्शन सिस्टम, 21 चौराहों पर इमरजेंसी कॉल बॉक्स, पांच चौराहों पर वेरिएबल मैसेज साइन बोर्ड, तीन स्थलों पर वाईफाई, नगर निगम की नई निर्माणाधीन बिल्डिंग में आपरेशन कंट्रोल रूम तैयार किया जा रहा है। नगर निगम के चीफ इंजीनियर सुरेश चंद ने बताया कि कंट्रोल रूम लगभग तैयार हो चुका है।
प्रथम फेज का कार्य 15 नवंबर तक होगा पूरा
योजना को दो फेज में लिया गया है। प्रथम फेज में नौ चौराहे क्रमश: नौसड़ तिराहा, टीपी नगर, रुस्तमपुर, अमर उजाला तिराहा, पैडलेगंज, मोहद्दीपुर, कूड़ाघाट , यूनिवर्सिटी चौराहा एवं गोलघर (गणेश) चौराहा को ऑटोमाइज्ड किया जा रहा है। सभी चौराहों पर कार्य प्रगति पर है। प्रथम फेज का कार्य 15 नवंबर तक पूरा कराया जाना है।