कहा कि जब-जब मुख्यमंत्री यहां आए हैं फिर जब वापस गए हैं तो किसी न किसी की हत्या हुई है, आप अखबार उठाकर देख लीजिए। ये है इनकी जीरो टॉलरेंस। जिस तरह का भेदभाव भारतीय जनता पार्टी में हो रहा है मुझे उम्मीद है इस तरह के सम्मेलन से बहुजन समाज जागरूक होगा। वो एक साथ आएंगे और इन गलत नीतियों के खिलाफ आने वाले 2024 के चुनाव में भाजपा को हराएंगे।
अखिलेश ने कहा कि ये मुख्यमंत्री कुछ नहीं जानते, विधानसभा में आपने नहीं सुना था 46 में 56। हमने उनसे कहा वो सूची दे दो, आज तक नहीं दे पाए। ये बताएं गोरखपुर यूनिवर्सिटी में भर्ती कौन हुए हैं?
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाएं ठप हो गई हैं, कोई गरीब इलाज कराने जाए तो इलाज नहीं मिल रहा। अभी तक बीजेपी ने कोई भी एक जिला अस्पताल नहीं बनवाया। किस भरोसे और उम्मीद के साथ एम्स बना था, जो एम्स में इलाज होना चाहिए थे वो अभी भी नहीं हो पा रहें।
बता दें कि पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव लखनऊ से गोरखपुर एयरपोर्ट पहुंचे। वहां से सड़क मार्ग से भीटी रावत स्थित शारदा प्रसाद रावत महाविद्यालय में आयोजित महारैली में पहुंचे। इसके बाद रेशमा रावत इंटर कॉलेज परिसर में श्रीमती रेशमा रावत की प्रतिमा का अनावरण किया।