गोरखपुर की पहली जिला पंचायत अध्यक्ष रहीं शोभा साहनी का मंगलवार को निधन हो गया। तीन दिन पहले सांस लेने में दिक्कत के बाद शोभा को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शोभा के पति व बेटे का काफी पहले निधन हो गया था। लिहाजा, लड़की के बेटे ने गांव के पास ही राप्ती नदी के किनारे उन्हें मुखाग्नि दी।
1995 में पंचायती राज व्यवस्था लागू होने के बाद शोभा साहनी भाजपा प्रत्याशी के रूप में पहली जिला पंचायत अध्यक्ष चुनी गईं थीं। वह 1995 से 2000 तक जिला पंचायत अध्यक्ष रहीं। तब जिले के 50 वार्डों में चुनाव हुआ था।
शोभा साहनी खोराबार ब्लॉक के एक वार्ड से चुनाव जीती थीं। शोभा ने समाजवादी पार्टी के भीम गुप्ता को हराकर जिला पंचायत अध्यक्ष बनी थीं। बताया जाता है कि शोभा के पति रामनरेश साहनी पुर्दिलपुर से भाजपा के पार्षद थे।
जंगल कौड़िया पूर्व ब्लॉक प्रमुख गोरख सिंह बताते हैं कि शोभा के पति रामनरेश साहनी को हत्या के एक मामले में आजीवन कारावास हो गया था। उनकी मौत जेल में ही हो गई थी। बिजली की चपेट में आने से बेटे की भी मौत हो गई थी। अंतिम संस्कार के दौरान सपा नेता मनुरोजन यादव, दयाशंकर निषाद, श्यामदेव निषाद भी मौजूद रहे।