पुरुषों में होती है यह दिक्कत
डॉ वाणी आदित्य ने बताया कि पुरुषों में शारीरिक अक्षमता का लेना-देना नहीं है। बल्कि, यह दिक्कत केवल शुक्राणु की कमी की वजह से होती है। शुक्राणु के वितरण मार्ग में रुकावट, जननांग में चोट लगने की वजह से कई तरह की समस्याएं, हाइड्रोसिल के ऑपरेशन के दौरान होने वाली सर्जरी में दिक्कतें, मोटापा, नशीला पदार्थ का अधिक सेवन जैसी समस्याओं की वजह से पुरुषों में यह दिक्कतें हो रही है। ऐसे में लोगों को समझाया जा रहा है कि बांझपन का कारण केवल महिलाएं नहीं हैं, बल्कि समस्याएं पुरुषों में भी हो सकती है।
केस-एक
गगहा की एक महिला शादी के सात साल बीत जाने के बाद भी गर्भवती नहीं हो रही थी। ससुराल से लेकर रिश्तेदारों तक ने ताना मारना शुरू कर दिया। इस पर किसी ने बीआरडी जाने की सलाह दी। बीआरडी में जांच हुई तो महिला में कोई कमी नहीं मिली। इसके बाद पुरुष की काउंसिलिंग कर जांच की गई तो पता चला कि शुक्राणुओं की कमी है। पति की दवा शुरू हुई तो महिला गर्भवती हो गई।
केस-दो
राजेंद्र नगर की रहने वाली महिल की शादी को 11 साल हो गए थे। कई बार जांच कराई, लेकिन जांच में रिपोर्ट हर बार सामान्य थी। इसके बाद भी महिला को बार-बार बांझपन का ताना मिलता था। इस बीच किसी ने सलाह दी कि एक बार पति की भी जांच करा लो। बीआरडी में पति की जांच हुई तो पति के शुक्राणु वितरण मार्ग में रुकावट थी। दवा शुरू हुई तो पत्नी गर्भवती हुई।