सरकारी कार्यालय के अंदर सिगरेट पीते रिटायर्ड कर्मचारी।
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गोरखपुर वन विभाग के तिकोनिया रेंज दफ्तर में बाबू पद पर कार्यरत रहे लालमन कुशवाहा को सेवानिवृत्त हुए एक साल बीत गया है, फिर भी वह कुर्सी पर काबिज हैं। वे पहले की तरह न केवल बाकायदा ड्यूटी कर रहे हैं, बल्कि अफसरों का भरोसा भी हासिल किए हुए हैं।
जानकारी के मुताबिक, लालमन कुशवाहा अक्तूबर 2019 में सेवानिवृत्त हो चुके हैं। फिर भी विभाग के सभी रेंज दफ्तर के महत्वपूर्ण काम इन्हीं के पास हैं। अमर उजाला को एक वीडियो क्लिप मिली है, जिसमें लालमन उसी कुर्सी पर विराजमान हैं, जिस पर वह सेवानिवृत्त होने से पहले बैठा करते थे। यही नहीं, कुर्सी पर बैठकर वह सिगरेट का धुआं उड़ा रहे हैं। बातचीत में वह किसी को भी यह जाहिर नहीं होने देते कि वह रिटायर्ड हो चुके हैं।
लालमन कुशवाहा की विभाग में धमक या पकड़ का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि दफ्तर में पान, सिगरेट की पाबंदी को भी वह धुएं में उड़ा देते हैं। दफ्तर में कुर्सी पर पैर रखकर बैठते हैं। आने वालों का काम वैसे ही निपटाते हैं, जैसे कि सेवानिवृत्त होने से पहले निपटाते थे।
अफसर सब कुछ जानने के बाद भी खामोश हैं। रेंजर कहते हैं कि वह काफी जानकार हैं और काम भी तो करवाना है? सवाल यह उठता है कि क्या सेवानिवृत्ति के बाद किसी कर्मचारी से काम करवाने का नियम वन विभाग में बना दिया गया है?
लालमन से हुई बातचीत के अंश
रिपोर्टर : कुशवाहा जी तिकोनिया रेंज से बोल रहे हैं क्या?
लालमन : हां
रिपोर्टर : आप तिकोनिया रेंज पर ड्यूटी कर रहे हैं, कब रिटायर हुए हैं?
लालमन : अक्तूबर 2019 में
रिपोर्टर : वहां पर कोई अन्य कर्मचारी नहीं है क्या, जो आप ड्यूटी कर रहे?
लालमन : हैं कर्मचारी, मगर जानकारी कम है, इस वजह से जाता हूं
लालमन : कोई काम है क्या आपका?
रिपोर्टर : एक शख्स ने नंबर दिया आपसे बात करने को, गाड़ी पकड़ी गई है
लालमन : हां, डीएफओ से बात करें, लेकिन नए वाले से नहीं, पुराने वाले डीएफओ से
रिपोर्टर : मतलब
लालमन : नए वाले ट्रेनी हैं, पुराने वाले ही काम देखते हैं
तिकोनिया रेंज, रेंजर राम सूरत यादव ने कहा कि विभाग में बाबू की कमी होने की वजह से काम लिया जा रहा है। बदले में कोई भुगतान नहीं दिया जाता है। अभी उनकी पेंशन नहीं बनी है और उनका घर बस्ती जिले में है। इस वजह से मैंने कहा कि यहां पर रह कर काम करा लें। विभाग का काम न रुके इस वजह से वह काम निपटा देते हैं और उनसे काम लिया जा रहा है। आप ही बताएं आफिस खोलना ही है तो क्या किया जाए?