गोरखपुर के रामगढ़ताल में आम लोगों के लिए कयाकिंग का संचालन रविवार से शुरू कर दिया गया। राष्ट्रीय स्तर के तैराकों के समूह को संचालन की जिम्मेदारी दी गई है। तैराक अपनी देखरेख में लोगों को 15 मिनट तक ताल की सैर करा रहे हैं। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने पांच कयाक (एक प्रकार की नाव, जिसमें एक या दो लोग बैठकर चप्पू के सहारे उसे चलाते हैं) मंगाई है। राष्ट्रीय स्तर के तैराकों का समूह डाल्फिन रोविंग क्लब बनाकर इसका संचालन कर रहे हैं।
क्लब के संतोष श्रीवास्तव ने बताया कि 15 मिनट के लिए 100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। हर व्यक्ति को लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य है। कयाकिंग के दौरान एक लाइफ गार्ड भी साथ जाएंगे। केवल राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय तैराकों को ही लाइफ जैकेट पहनने से छूट प्रदान की जाएगी।
बताया कि सुबह छह बजे से शाम छह बजे तक कयाकिंग का संचालन किया जाएगा। भविष्य में यहां कयाकिंग की प्रतियोगिता भी कराई जाएगी। कुछ दिन पहले प्रदेश के पीडब्ल्यूडी मंत्री जितिन प्रसाद, सांसद रविकिशन, एडीजी जोन अखिल कुमार ने ताल में कयाकिंग सुविधा का शुभारंभ किया था।