फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Good News: रामगढ़ताल में शुरू हुई कयाकिंग, जानिए 15 मिनट का कितन देना होगा शुल्क

Mon, 01 Aug 2022 12:30 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

क्लब के संतोष श्रीवास्तव ने बताया कि 15 मिनट के लिए 100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। हर व्यक्ति को लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य है। कयाकिंग के दौरान एक लाइफ गार्ड भी साथ जाएंगे। केवल राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय तैराकों को ही लाइफ जैकेट पहनने से छूट प्रदान की जाएगी।

 
विज्ञापन
रामगढ़ताल में कयाकिंग। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

गोरखपुर के रामगढ़ताल में आम लोगों के लिए कयाकिंग का संचालन रविवार से शुरू कर दिया गया। राष्ट्रीय स्तर के तैराकों के समूह को संचालन की जिम्मेदारी दी गई है। तैराक अपनी देखरेख में लोगों को 15 मिनट तक ताल की सैर करा रहे हैं। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने पांच कयाक (एक प्रकार की नाव, जिसमें एक या दो लोग बैठकर चप्पू के सहारे उसे चलाते हैं) मंगाई है। राष्ट्रीय स्तर के तैराकों का समूह डाल्फिन रोविंग क्लब बनाकर इसका संचालन कर रहे हैं।

विज्ञापन


क्लब के संतोष श्रीवास्तव ने बताया कि 15 मिनट के लिए 100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। हर व्यक्ति को लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य है। कयाकिंग के दौरान एक लाइफ गार्ड भी साथ जाएंगे। केवल राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय तैराकों को ही लाइफ जैकेट पहनने से छूट प्रदान की जाएगी।

बताया कि सुबह छह बजे से शाम छह बजे तक कयाकिंग का संचालन किया जाएगा। भविष्य में यहां कयाकिंग की प्रतियोगिता भी कराई जाएगी। कुछ दिन पहले प्रदेश के पीडब्ल्यूडी मंत्री जितिन प्रसाद, सांसद रविकिशन, एडीजी जोन अखिल कुमार ने ताल में कयाकिंग सुविधा का शुभारंभ किया था।
विज्ञापन


 

विज्ञापन

जीडीए उपाध्यक्ष प्रेम रंजन सिंह ने कहा कि रामगढ़ताल में रविवार से कयाकिंग का संचालन आम लोगों के लिए शुरू हो गया। लोग इस नई सुविधा को खूब पसंद कर रहे हैं। संचालकों को पर्यटकों की सुरक्षा का पूरा ध्यान रखने को कहा गया है। लाइफ जैकेट के बिना किसी को कयाकिंग का अवसर नहीं दिया जाएगा।

नौका विहार पर रोजाना होगी भव्य आरती
नौका विहार पर भी जल्द ही भव्य आरती का आयोजन किया जाएगा। गोरखपुर विकास प्राधिकरण ने रामजी घाट आरती समिति की पहल पर इसकी अनुमति दे दी है। नाग पंचमी से इसकी शुरुआत हो सकती है। शुरू में सप्ताह में एक दिन आरती होगी। बाद में प्रतिदिन शाम 6:30 बजे से आरती करने की तैयारी है। आरती 50 मिनट की होगी। जीडीए के उपाध्यक्ष प्रेम रंजन सिंह ने बताया कि समिति के सदस्य की पहल पर आरती की अनुमति दी गई है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें