धरना प्रदर्शन करती आंगनबाड़ी कार्यकर्ता।
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मांगों को लेकर लगातार धरना प्रदर्शन कर रहीं आंगनबाड़ी सहायिकाएं निर्णायक लड़ाई लड़ने को तैयार हैं। उन्होंने ऐलान किया है कि 15 दिसंबर को प्रदेश के हर गांव से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता लखनऊ पहुंचकर मांगों के समर्थन में धरना प्रदर्शन करेंगी।
बता दें कि आंगनबाड़ी कर्मचारी सहायिका एसोसिएशन के बैनर तले आंगनबाड़ी कार्यकर्ता नौ दिनों से धरना प्रदर्शन कर रही हैं। उनका कहना है कि सरकार उनके साथ वादा खिलाफी कर रही है। मुख्यमंत्री ने कई बार मानदेय बढ़ाने की बात कही थी पर अब तक कोई बढ़ोतरी नहीं की गई। सरकार की तरफ से प्रोत्साहन राशि देने की बात कही गई पर वह भी नहीं दिया गया। इसे लेकर कार्यकर्ताओं में नाराजगी है।
प्रदेश अध्यक्ष गीतांजलि मौर्य ने कहा कि भाजपा ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में कहा था कि सरकार बनने के 120 दिन बाद कार्यकर्ताओं को सम्मानजनक मानदेय दिया जाएगा। जब सरकार को उनका वायदा याद दिलाने के लिए धरना प्रदर्शन किया गया तो महिलाओं पर लाठियां चलवाई गईं। जेल में बंद किया गया, इससे उनका हौसला टूटा नहीं।
लोकसभा उपचुनाव में पूरे प्रदेश में भाजपा को करारी शिकस्त झेलनी पड़ी। हार के बाद योगी सरकार ने कई बार बैठक कर कहा कि मानदेय बढ़ा दिया जाएगा, पर अपने वादे से मुकर गए। पहले 10 हजार करने की बात हुई थी बाद में कहा गया कि 1500 रुपये मानदेय बढ़ा दिया गया। अफसोस है कि सरकार के बार-बार कहने के बाद भी एक रुपये नहीं बढ़ा।
उन्होंने कहा कि संगठन ने निर्णय लिया है कि 15 दिसंबर को लखनऊ में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इस बार की लड़ाई निर्णायक होगी।