गोरखपुर में सड़क पर कूड़ा फेंकना अब महंगा पड़ने वाला है। चार मार्च से नगर निगम सड़क पर गंदगी, होटलों का कूड़ा, मलबा और घर से बिना अलग-अलग किए कूड़ा फेंकने पर जुर्माना वसूलेगा। लोगों को इसके प्रति जागरूक करने का काम नगर निगम जल्द ही पूरा कर लेगा। इसके लिए नगर निगम प्रशासन ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी और इंस्पेक्टरों की टीम तैयार कर दी है।
स्वच्छ भारत मिशन नगरीय के विशिष्ट अभियान 10 तक डोर टू डोर के अंतर्गत तीसरे चरण में चालान की प्रक्रिया शुरुआत होने जा रही है। इसके तहत घर से लेकर होटल तक के लोगों से गंदगी फैलाने पर चालान का प्रावधान किया गया है।
सहायक नगर आयुक्त डॉ. मणिभूषण तिवारी ने कहा कि चार मार्च से गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की जाएगी। इसके तहत यह प्रावधान किया गया है कि नगर निगम के सभी इंस्पेक्टर प्रतिदिन प्रत्येक वार्ड में 50 घरों की जांच करेंगे। घर पर ही सूखे और गीले कूड़े को अलग-अलग न करने पर जुर्माना वसूला जाएगा।
इस तरह किया गया है जुर्माने का प्रावधान
- श्रोत स्थल पर गीले और सूखे कूड़े को अलग न करने व निर्धारित स्थान पर कूड़ा न फेंकने पर- 200 रुपये
- निर्माण एवं विध्वंस थोक अपशिष्ट पदार्थों के जहां-तहां फेंकने पर - 2000 रुपये
- उद्यान अपशिष्ट और पेड़ों की छाल और कतरनों को फेंकने पर - 200 रुपये
- मछली, मुर्गा अैर मांस अपशिष्ट फेंकने पर - 750 रुपये
- थोक अपशिष्ट उत्सर्जकों को फेंकने पर- 1000 रुपये