प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दूसरी बार सरकार बनने पर शिक्षाविदों को उच्चशिक्षा के क्षेत्र में ज्यादा संभावनाएं नजर आ रहीं हैं। उनका मानना है कि गोरखपुर शिक्षा के क्षेत्र में हब बनेगा। यह शहर देश के बड़े शहरों की तरह उभर कर सामने आएगा। शिक्षाविदों ने योगी सरकार बनने पर कुछ इस तरह संभावनाएं जताई।
उच्चशिक्षा में नई ऊंचाइयां प्राप्त हुईं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के शासनकाल में गोरखपुर में उच्चशिक्षा को नई ऊंचाइयां प्राप्त हुईं हैं। पुन: सरकार बनने से यह प्रबल संभावना बनी है कि गोरखपुर भविष्य में शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा हब बनेगा। गोरखपुर विश्वविद्यालय एवं मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की व्यवस्था पहले से न केवल बेहतर हुई है, बल्कि दोनों ही उच्च शिक्षण संस्थानों से रोजगार की राह खुली है। साथ ही महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के रूप में पूर्वांचल के युवाओं को उच्च शिक्षा में अध्ययन के लिए एक और विकल्प मिला है। जिस तरह गोरखपुर, योगी के कारण एक ब्रांड बनकर उभरा है, उससे उम्मीद बढ़ी है कि शिक्षा के क्षेत्र में भी यह देश के बड़े शहरों की तरह उभर कर सामने आएगा। जहां तकनीकी, व्यावसायिक एवं चिकित्सा शिक्षा आदि की उन्नत सुविधा मिलेगी।
-प्रो. अजय कुमार शुक्ला, विभागाध्यक्ष अंग्रेजी विभाग गोविवि
शिक्षा का बड़ा केंद्र बनेगा गोरखपुर
योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री बनने के बाद शैक्षिक सुविधाओं को बढ़ाने के लिए लगातार काम किया गया। जिसके परिणामस्वरूप गोरखपुर में चार विश्वविद्यालय कार्य कर रहे हैं। सकारात्मक प्रशासनिक मिलने के बाद निजी शिक्षण संस्थानों एवं सिविल, मेडिकल, इंजीनियरिंग आदि के कोचिंग संस्थाओं का रुख भी गोरखपुर की तरफ हुआ है। योगी के पुन: मुख्यमंत्री बनने के बाद यह संभावना बढ़ी है कि दिल्ली, कोटा, बेंगलुरुऔर इलाहाबाद आदि शहरों की तरह गोरखपुर भी शिक्षा का बड़ा केंद्र बनेगा।
-प्रो. शरद कुमार मिश्र, अध्यक्ष, बायोटेक्नोलॉजी विभाग गोविवि
उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में ज्यादा अपेक्षाएं
इस सरकार से सभी क्षेत्रों में मूलभूत परिवर्तन के साथ ही उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में बहुत सी अपेक्षाएं हैं। उन अपेक्षाओं पर वर्तमान सरकार निश्चित रूप से खरी उतरेगी, ऐसा आशा और विश्वास है। नई सरकार भारत को विश्व गुरु बनाने में सक्षम होगी। संपूर्ण भारत अपराध रहित होगा तो समाज, राष्ट्र, स्त्रियों, शिक्षकों एवं किसानों के विकास और उत्थान के लिए निश्चय ही यह ऐतिहासिक काल बनेगा।
-डॉ. मीतू सिंह, सहायक आचार्य गोविवि
रोजगारपरक शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा
उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ के दूसरी बार मुख्यमंत्री बनने से उच्च शिक्षा के क्षेत्र में प्रभावी कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन से प्रदेश के विकास को एक नई दिशा मिलेगी। नई शिक्षा नीति के अनुरूप प्रदेश के समस्त उच्च शिक्षण संस्थानों में सीबीसीएस पाठ्यक्रम को और सुदृढ़ करने का अवसर मिलेगा। प्रदेश में रोजगारपरक शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा। योगी सरकार प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में और अधिक उच्च शिक्षण संस्थानों को स्थापित करने, शिक्षा बजट बढ़ाने एवं व्यावसायिक पाठ्यक्रमों को संचालित करने जोर देगी। इससे प्रदेश में एक नई क्रांति की शुरुआत होगी।
-डॉ. राजू कुमार गुप्ता, सहायक आचार्य गोविवि