तीसरे चरण के लिए 400 बूथ बनाए जाएंगे। इसमें सरकारी से लेकर निजी अस्पताल और नर्सिंग होम शामिल किए गए हैं। लक्ष्य है कि एक बूथ पर कम से कम 125 लोगों को वैक्सीन लगाई जाए, जिससे एक दिन में कम से कम 40 से 45 हजार लोग वैक्सीन लगवा सके।
एक बूथ में चाहिए होंगे तीन कमरे
विभाग ने निर्देश दिया है कि जो भी नर्सिंग होम और अस्पताल बूथ अपने यहां बनवाएंगे। वहां पर कम से कम तीन कमरे जरूर होने चाहिए। एक कमरे में स्वास्थ्यकर्मी लोगों की पहचान करेंगे। जबकि दूसरे कमरे में टीकाकरण और तीसरे कमरे में टीकाकरण के बाद 30 मिनट तक आराम करने की व्यवस्था होनी चाहिए।
अध्यक्ष आईएमए डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से अस्पतालों से जानकारी मांगी गई है कि उनके वहां एक दिन में कितने लोगों का टीकाकरण हो सकता है। आईएमए की ओर से इसकी जानकारी दी जा रही है। कोविड टीकाकरण में विभाग का पूरा सहयोग आईएमए करेगा।
नर्सिंग होम एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. खालिद अब्बासी ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग ने नर्सिंगहोम संचालकों से जानकारी मांगी है कि कितने लोगों का टीकाकरण एक दिन में करवा सकते हैं। इसकी सूचना संचालकों ने देनी शुरू कर दी है। विभाग का पूरा सहयोग किया जाएगा।
सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने बताया कि तीसरे चरण की तैयारिया शुरू कर दी गईं हैं। संख्या अधिक होने की वजह से आईएमए और नर्सिंग होम एसोसिएशन की भी मदद ली जाएगी। जिससे की समय से टीकाकरण पूरा हो सके।