पेट्रोल के दाम अगर 100 रुपये के पार भी हो जाता है तो गोरखपुर मंडल सहित प्रदेश का कोई भी पेट्रोल पंप बंद नहीं होगा। क्योंकि पेट्रोल पंपों पर लगी डिस्प्ले यूनिट अब पांच से सात अंकों में है। ऐसे में मशीन बंद होने की कोई आशंका नहीं है।
जानकारी के मुताबिक, पेट्रोल और डीजल के दामों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। आशंका जताई जा रही है कि कीमत जल्द ही 100 रुपये तक पहुंच जाएगी। क्योंकि बुधवार को पेट्रोल का रेट 88.15 रुपये और डीजल का रेट 83.17 रुपये था। ऐसे में लोगों ने अफवाह फैला दी कि अगर पेट्रोल की कीमत 100 रुपये पहुंच जाती है तो मंडल सहित प्रदेश के कई पेट्रोल पंप बंद हो जाएंगे।
अफवाह फैलाने वालों ने इस बात पर जोर दिया कि पेट्रोल पंप की मशीनों पर केवल चार अंकों का डिस्पले होता है। इसमें दो अंक रुपये और दो अंक पैसे के लिए होते हैं। जबकि वास्तविकता ये है कि उक्त मशीनें 2017 के बाद से ही बदलनी शुरू हो गईं। 2020 मार्च तक प्रदेश की सभी पुरानी मशीनें सरकार के निर्देश पर बदली जा चुकी हैं। अब जो मशीनें लगी हैं उनमें पांच से सात अंकों का डिस्पले है। इनमें तीन अंक रुपये और दो अंक पैसे के लिए हैं। ऐसे में आम उपभोक्ताओं को घबराने की जरूरत नहीं है।
2017 के बाद ही बदली जाने लगी मशीनें
लखनऊ में 2017 चिप प्रकरण सामने आया था। तेल की वेंडिंग मशीनों में चिप का उपयोग करके पेट्रोल और डीजल की चोरी की जा रही थी। इसका खुलासा यूपी एसटीएफ ने किया था। इसके बाद पेट्रोलियम मंत्रालय और सुप्रीम कोर्ट ने आदेश जारी कर नई मशीनें लगाने को कहा था। इस आदेश के बाद सभी मशीनों को अपडेट करते हुए नो ऑटोमेशन नो फ्यूल कर दिया गया है। इसके बाद 2010 के पहले की सभी मशीनें बदल दी गईं। इन मशीनों को बदलने से यह फायदा हुआ कि अगर इसमें कोई छेड़छाड़ करता है तो एक ओटीपी सेल्स अफसर, पेट्रोल पंप मालिक के साथ पेट्रोलियम कंपनी के कमांड ऑफिस तक जाएगी। साथ ही मैसेज भी जाएगा।
आठ जिले हैं गोरखपुर मंडल में शामिल
इंडियन ऑयल के वरिष्ठ मंडल प्रबंधक गोरखपुर डिविजन एके शाही ने बताया कि गोरखपुर मंडल में आठ जिले शामिल हैं। इनमें इंडियन ऑयल के 506 पेट्रोल पंप हैं। इन आठ जिलों में गोरखपुर, बस्ती, कुशीनगर, देवरिया, महराजगंज, सिद्धार्थनगर, संतकबीरनगर और फैजाबाद शामिल हैं।
इंडियन ऑयल वरिष्ठ मंडल प्रबंधक गोरखपुर डिविजन एके शाही ने बताया कि हमारी सभी मशीनें पूरी तरह से ऑटोमेशन मोड में है। इसमें पांच से सात अंकों का डिस्प्ले है। ऐसे में पेट्रोल पंप संचालक और आम नागरिक इस अफवाह पर बिल्कुल ध्यान न दें कि 100 रुपये पेट्रोल का दाम होने पर पेट्रोल पंप बंद हो जाएंगे। 2010 की सभी मशीनें पिछले तीन सालों के अंदर बदली जा चुकी हैं।
उत्तर प्रदेश पेट्रोलियम ट्रेडर्स एसोसिएशन वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजन शाही ने बताया कि सभी मशीनें पूरी तरह से ऑटामेशन की हैं। ऐसे में अगर 100 रुपये से लेकर 999 तक पेट्रोल के दाम बढ़ जाते हैं तो भी पेट्रोल पंप बंद नहीं होगा। क्योंकि इनमें पांच से लेकर सात डिस्प्ले प्वाइंट हैं। यह पूरी तरह से ऑटोमैटिक है। रही बात लागत बढ़ने की तो इससे डीलरों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। क्योंकि पिछले तीन सालों से पूंजी के हिसाब से डीलरों का रेट नहीं तय किया गया है। इसकी वजह से डीलर परेशान हैं।