गोरखपुर के गोरखनाथ मंदिर में शनिवार को आयोजित जनता दर्शन में शाहदरा दिल्ली से आए सत्यम वर्मा ने भी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपनी पीड़ा सुनाते हुए दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। उन्होंने बताया कि कुछ लोगों ने जमीन की रजिस्ट्री करने का करार कर उनसे 1.13 करोड़ रुपये ले लिए। जमीन की रजिस्ट्री भी नहीं की। रुपये वापस मांगने पर अब धमकियां भी दे रहे हैं।
बहुत दौड़ने के बाद 16 जुलाई को अंबेडकरनगर जिले के अकबरपुर थाने में आरोपियों के खिलाफ किसी तरह एफआईआर दर्ज हो सकी मगर पुलिस आगे कोई कार्रवाई ही नहीं कर रही। सत्यम का प्रार्थना पत्र पढ़ने के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने उन्हें आश्वस्त किया कि जल्द ही कार्रवाई होगी।
सत्यम वर्मा ने बताया कि उन्होंने अकबरपुर के तमसा मार्ग निवासी अभियुक्त अम्बेश तिवारी, गरिमा तिवारी, विपिन द्विवेदी उर्फ सुबोध, आदर्श तिवारी एवं सुरेद्र नाथ तिवारी के खिलाफ 16 जुलाई को एफआईआर दर्ज कराई। आरोपियों ने मछली पालन के लिए तालाब, जमीन और हैचरी के नाम पर जुलाई 2019 में 1करोड़ 12 लाख 56 हजार 550 रुपये नकद और आरटीजीएस से खाते में ले लिए। मगर बाद में जमीन की रजिस्ट्री करने से मुकर गए।
काफी जद्दोजहद के बाद अकबरपुर थाना में कूटरचित दस्तावेज तैयार करने और जालसाजी आदि की धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ। आरोपी अकबरपुर में ही रह रहे हैं। वहीं से मुकदमा वापस लेने का दबाव बना रहे लेकिन पुलिस उन्हें गिरफ्तारी तो दूर पूछताछ के लिए भी नहीं बुला रही है।