बुलडोजर में लगवाया माफिया चिह्नित करने का यंत्र : योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दावा किया कि उन्होंने बुलडोजर में माफिया को चिह्नित करने वाला यंत्र लगवाया है। कहा कि यह ऐसा बुलडोजर है जो सड़क भी बनाता है और माफिया को भी चिह्नित करता है। फिर पुलिस और प्रशासनिक अफसर बुलडोजर की मदद से माफिया की संपत्ति को ध्वस्त करते हैं।
मुख्यमंत्री योगी मंगलवार शाम सहजनवां विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी प्रदीप शुक्ला के समर्थन में जनसभा कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि जनता ने पिछली तीन सरकारों की कार्यशैली देखी है। सपा सरकार विकास नहीं करा रही थी। सड़क, बिजली, राशन और अच्छे स्कूल खोलने की जगह सहजनवां में बूचड़खाना बना रही थी। इसके खिलाफ आंदोलन किया गया।
इसी का नतीजा रहा कि बूचड़खाना नहीं खुल सका। भाजपा सरकार बनी तो सभी अवैध बूचड़खाने बंद कर दिए गए। भाजपा सरकार ने तय किया कि गोमाता को कटने नहीं देंगे। किसानों की फसलें भी बर्बाद नहीं होने देंगे। सरकार सहजनवां में ही श्रमिकों और अनाथ बच्चों के लिए अटल आवासीय विद्यालय खोल रही है। सहजनवां को दो-दो फोरलेन से जोड़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि जल्द ही वाराणसी की दूरी दो घंटे में पूरी की जा सकेगी। सहजनवां बाजार में दुर्घटना की समस्या का समाधान भी निकाला जाएगा।
भाजपा पूर्ण बहुमत से आगे
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि पांच चरणों में 283 विधानसभा सीटों के चुनाव संपन्न हो चुके हैं। इतने चुनाव के बाद कह सकता हूं कि भाजपा पूर्ण बहुमत से आगे जा चुकी है। छठवें और सातवें चरण में जोरदार छक्का लगाकर 300 पार के लक्ष्य को पार करना है। हर बूथ जीतना है। मतदाता घर से निकलें और निश्चित मतदान करें। पहले मतदान, फिर जलपान करना है।
पेंशन की राशि बढ़ाकर 18 हजार रुपये सालाना करने का संकल्प
मुख्यमंत्री ने कहा कि सपा ने वृद्धजनों की पेंशन रोक दी थी। हमने वृद्धजनों, दिव्यांगजनों और विधवाओं की पेंशन बहाल की। पेंशन बढ़ाकर दिया है। एक करोड़ लोगों को सालाना 12 हजार रुपये दे रहे हैं। इस बार पेंशन राशि बढ़ाकर 18 हजार रुपये सालाना करने का संकल्प लिया है। इस मौके पर प्रत्याशी प्रदीप शुक्ला, राज्यसभा सदस्य जयप्रकाश निषाद, क्षेत्रीय अध्यक्ष डॉ. धर्मेंद्र सिंह, जिलाध्यक्ष युधिष्ठिर सिंह, महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता, पूर्व विधायक जीएम सिंह, वरिष्ठ नेता रमेश सिंह, डॉ. संजयन त्रिपाठी, रामजियावन मौर्या, अश्विनी त्रिपाठी मौजूद रहे।