फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Javed Akhtar: 'कार्रवाई में देरी करने की रणनीति है', जावेद अख्तर ने मानहानि केस में फिर साधा कंगना पर निशाना

Tue, 09 Jan 2024 07:26 PM IST
दीक्षा पाठक एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

अपने विवादित बयानों के लिए मशहूर कंगना रणौत एक बार फिर से सुर्खियों में हैं। इस बार ये सुर्खियां उनकी आने फिल्म 'इमरजेंसी' को लेकर नहीं बल्कि गीतकार जावेद अख्तर द्वारा उन पर लगाए मानहानि वाले मुकदमे के लिए है। कंगना ने इस मुकदमे पर रोक लगाने के लिए बॉम्बे उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। अब जावेद अख्तर ने मानहानि के मामले में मंगलवार को प्रसिद्ध गीतकार ने अपना बयान दर्ज कराया है।
 
विज्ञापन
जावेद अख्तर-कंगना रणौत - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जावेद अख्तर ने मंगलवार को बॉम्बे हाई कोर्ट में यह याचिका दायर की और कहा कि अभिनेत्री कंगना रणौत द्वारा उनके खिलाफ दायर मानहानि शिकायत की कार्रवाई पर रोक लगाने की याचिका केवल देरी करने की एक रणनीति है। जावेद अख्तर ने उच्च न्यायालय से कंगना द्वारा दायर याचिका को खारिज करने का आग्रह किया है। 
विज्ञापन


क्या है पूरा मामला
यह पूरा मामला साल 2020 में एक टीवी चैनल पर प्रसारित कंगना रनौत के साक्षात्कार के दौरान जावेद अख्तर पर आपत्तिजनक टिप्पणी से जुड़ा है। निजी हमलों पर उन्होंने कंगना पर मानहानि का मुकदमा दर्ज किया था। इस महीने की शुरुआत में कंगना ने मानहानि शिकायत पर रोक लगाने के लिए उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। उन्होंने कोर्ट से जावेद अख्तर के खिलाफ उनके द्वारा दायर एक क्रॉस-शिकायत के साथ मामले की सुनवाई करने का आग्रह किया था।

Shruti Santanu Situationship: श्रुति व शादी पर पहली बार बोले शांतनु हजारिका, बोले, स्क्रीन के पीछे छिपे लोग..
विज्ञापन
विज्ञापन



कंगना के खिलाफ दायर किया मानहानि का मुकदमा
कंगना के खिलाफ मानहानि का मामला अंधेरी की मजिस्ट्रेट अदालत में है। एक सत्र अदालत ने जावेद के खिलाफ कंगना की शिकायत पर रोक लगा दी थी। एचसी के समक्ष अपनी याचिका में कंगना ने कहा था कि दोनों मामलों की एक साथ सुनवाई की जानी चाहिए क्योंकि उनकी उत्पत्ति 2016 में एक बैठक में हुई थी। जावेद ने अपने वकील जय भारद्वाज के माध्यम से एक हलफनामा दायर किया था, जिसमें कहा गया कि कंगना ने मजिस्ट्रेट की अदालत द्वारा पारित किसी भी आदेश को चुनौती नहीं दी है और बिना किसी आधार के मानहानि शिकायत की कार्यवाही पर रोक लगाने की मांग की है।

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें