बॉलीवुड की रोमांटिक फिल्मों के जब भी जिक्र होता है 'हम दिल दे चुके सनम' का नाम जरूर लिया जाता है। संजय लीला भंसाली की इस फिल्म के दर्शक आज भी दीवाने हैं। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो संजय लीला भंसाली अपनी इस फिल्म को लेकर शाहरुख और आमिर दोनों के पास गए थे, लेकिन अज्ञात कारणों की वजह से उन्होंने इस फिल्म में काम करने से मना कर दिया था।
बॉलीवुड के दिग्गज निर्देशक संजय लीला भंसाली बॉलीवुड को एक से बढ़कर एक हिट फिल्में दें चुके हैं। साल 1999 उन्होंने एक फिल्म का निर्माण किया था जिसके लिए उन्हें चार राष्ट्रीय पुरस्कार भी मिले थे। जी हां हम म्यूजिकल लव ट्रायंगल 'हम दिल दे चुके सनम' की बात कर रहे हैं। आइए आज आपको इस फिल्म से जुड़े कुछ दिलचस्प किस्से बताते हैं। इस फिल्म में सलमान खान, ऐश्वर्या राय बच्चन और अजय देवगन को साइन करने से पहले निर्देशक किन-किन स्टार्स के पास गए थे यह भी बताएंगे।
विज्ञापन
शाहरुख और आमिर ने किया था इनकार
बॉलीवुड की रोमांटिक फिल्मों के जब भी जिक्र होता है 'हम दिल दे चुके सनम' का नाम जरूर लिया जाता है। संजय लीला भंसाली की इस फिल्म के दर्शक आज भी दीवाने हैं। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो संजय लीला भंसाली अपनी इस फिल्म को लेकर शाहरुख और आमिर दोनों के पास गए थे, लेकिन अज्ञात कारणों की वजह से उन्होंने इस फिल्म में काम करने से मना कर दिया था।
काजोल और करीना भी ठुकरा चुकी हैं संजय की इस फिल्म को
'हम दिल दे चुके सनम' बॉलीवुड स्टार ऐश्वर्या राय बच्चन की बेहतरीन फिल्मों में से एक हैं। इस फिल्म में उन्होंने 'नंदनी' के किरदार को निभाया था। खबरों की मानें तो 'नंदनी' के किरदार के लिए निर्देशक काजोल और करीना कपूर को साइन करना चाहते थे, लेकिन उन्होंने भी इस फिल्म में काम करने से मना कर दिया था। तब संजय लीला भंसाली ने ऐश्वर्या राय बच्चन को साइन किया और यह फिल्म सुपर हिट साबित हुई।
'हम दिल दे चुके सनम' ने जीते कई पुरस्कार
'हम दिल दे चुके सनम' साल 1999 की सबसे हिट फिल्मों में से एक फिल्म है। सूत्रों की मानें तो इस फिल्म के निर्माण में 16 करोड़ रुपये लगे थे। वहीं उस दौर में यह फिल्म 50 करोड़ रुपये कमाने में कामयाब रही। इस फिल्म के लिए इस्माइल दरबार को सर्वश्रेष्ठ संगीत निर्देशन, 'ढोली तारो' गाने के लिए वैभवी मर्चेंट और समीर-अर्ष तन्ना को सर्वश्रेष्ठ कोरियोग्राफी का पुरस्कार मिला था। वहीं अनिल मेहता को सर्वश्रेष्ठ सिनेमैटोग्राफी और नितिन देसाई को सर्वश्रेष्ठ प्रोडक्शन डिजाइन के लिए भी राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी मिले थे।