समारोह में 8 मेधावी छात्रों को कुलाधिपति पदक दिया जा रहा है। जिसमें से चार छात्र - हिमांशु दुबे, शिवनेकर रेवती विजय, अक्षिका मित्तल और माध्वी सिंह को कुलाधिपति स्वर्ण पदक से सम्मानित किया गया है। वहीं चार छात्रों को रजत और दो को कांस्य पदक दिया जाएगा। इसके साथ ही 263 टॉपर्स को पदक और करीब 550 शोधार्थियों को पीएचडी की डिग्री दी जाएगी।
समारोह में हिमांशु दुबे को विश्वविद्यालय स्वर्ण पदक से भी सम्मानित किया गया है। वहीं, नेहा मिश्रा को छह अन्य पदक (देवतीदीन श्रीवास्तव एंड राम दुलारी गोल्ड मेडल, यूनिवर्सिटी सिल्वर मेडल, ऊषा गुप्ता गोल्ड मेडल, शांति देवी श्रीवास्तव गोल्ड मेडल, कन्हैया लाल कक्कर गोल्ड मेडल और प्रसादी लाल गोल्ड मेडल) भी प्रदान किया गया है।
बीए के कुलभषण तिवारी को कुलाधिपति कांस्य पदक के अलावा आठ अन्य पदक (डॉ. कालीदास नंदी थास्कसमनी गोल्ड मेडल, नील कमल मित्र गोल्ड मेडल, हरि पर्व सिल्वर मेडल, शंभू नाथ शुक्ल गोल्ड मेडल, श्याम बिहारी लाल गोल्ड मेडल, हरि शंकर शुक्ल मेमोरियल गोल्ड मेडल, यूनिवर्सिटी सिल्वर मेडल और प्रो. एसी मुखर्जी गोल्ड मेडल) भी दिए गए हैं।
सत्र 2019-20 के लिए स्नातक स्तर पर बीसीए की अक्षिका मित्तल को कुलाधिपति स्वर्ण पदक के अलावा विभाग में प्रथम स्थान प्राप्त करने के लिए यूनिवर्सिटी गोल्ड मेडल प्रदान किया गया है। बीए की शाल्विका उपाध्याय को कुलाधिपति रजत पदक के अलावा पांच अन्य मेडल भी दिए गए हैं, जिनमें लाला पुत्तु लाल सिल्वर मेडल, हीरा कुमारी झा गोल्ड मेडल, मुन्नी गुरटू गोल्ड मेडल, यूनिवर्सिटी सिल्वर मेडल और प्रो. एसी मुखर्जी गोल्ड मेडल शामिल हैं।
बीटेक की ऊर्जा श्रीवास्तव को कुलाधिपति कांस्य पदक दिया गया। परास्नातक स्तर पर एमएससी बॉटनी की माधवी सिंह को कुलाधिपति स्वर्ण पदक के अलावा गिरिजा दयाल श्रीवास्तव गोल्ड मेडल, सरोज बानी घोष मेमोरियल गोल्ड मेडल एवं निहाल चंद्र टंडन गोल्ड मेडल से सम्मानित किया गया। एमएससी (बायोटेक्नोलाजी) के शशांक मणि त्रिपाठी को कुलाधिपति रजत पदक के साथ विभाग में प्रथम स्थान प्राप्त करने के लिए यूनिवर्सिटी गोल्ड मेडल भी दिया गया है।