नई दिल्ली। डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय दिल्ली (एयूडी) के मुख्य द्वार पर बृहस्पतिवार को छात्रों ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शन कैंपस में बढ़ती पाबंदियों और बैरिकेडिंग के विरोध में था। आइसा के बैनर तले प्रदर्शन किया गया था। छात्रों ने पांच अगस्त को मदरसा रोड पर हुए यौन उत्पीड़न संबंधी मामले को लेकर भी विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारी छात्रों ने कहा कि प्रशासन ने सुरक्षा की आड़ में कैंपस पर व्यवस्थित रूप से शिकंजा कसा है लोकतांत्रिक स्थानों को प्रतिबंधित किया है। छात्रों को उनके अपने परिसर से अलग-थलग कर दिया है।
छात्रों ने आरोप लगाते हुए कहा कि एयूडी के मुख्य द्वार पर छात्रों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने वाला एक नोटिस चिपका दिया गया है। इस बैरिकेडिंग ने पुस्तकालय क्षेत्र की ओर छात्रों की आवाजाही को और भी सीमित कर दिया जिससे यह और भी स्पष्ट हो गया कि कैसे सुरक्षा के नाम पर शिक्षण स्थलों को बंद किया जा रहा है जो विश्वविद्यालय के केवल कुछ हितधारकों तक ही सीमित है। आइसा के प्रतिनिधि शुक्रवार को सुबह नौ बजे रजिस्ट्रार से मिलेंगे और इन कठोर उपायों को तत्काल वापस लेने की मांग करेंगे। ब्यूरो