दिल्ली विश्वविद्यालय में 22 नवंबर से शैक्षणिक सत्र 2021-22 का आगाज होने जा रहा है। कोरोना महामारी के कारण कॉलेज बंद हैं और कक्षाएं ऑनलाइन ही शुरू होंगी। इसके बावजूद रैगिंग को लेकर डीयू ने सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन रैगिंग को रोकने के लिए काफी सख्त है। कैंपस में किसी प्रकार की कोई रैगिंग न हो इसके लिए नॉर्थ व साउथ कैंपस में 22 नवंबर से 26 नवंबर तक ज्वाइंट कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा। डीयू ने सभी कॉलेजों में प्रिंसिपल कार्यालय केसामने सीलबंद शिकायत पेटी लगाने और विजिलेंस स्कवाड गठित करने का निर्देश दिया है।
सादी वर्दी में महिला पुलिस कर्मियों की कॉलेज के बाहर तैनाती रहेगी। प्रशिक्षित महिला पुलिस कर्मी की तैनाती की होगी। यदि कोई कॉलेज के बाहर रैगिंग करता पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं यदि कोई रैगिंग का दोषी पाया जाता है तो उसका निलंबन व डिग्री तक रद हो सकती है। कॉलेजों व हॉस्टल में बाहर के व्यक्तियों की एंट्री पर प्रतिबंध रहेगा। पेइंग गेस्ट(पीजी) में रहने वाले छात्र इस बात को सुनिश्चित करें कि उनका पीजी का पुलिस सत्यापन हुआ हो।
नॉर्थ व साउथ कैपंस में कई जगह हिंदी व अंग्रेजी में एंटी रैगिंग पोस्टर लगाए गए हैं। छात्र यदि कॉलेज आता है तो उसे आईडी कार्ड दिखाने पर ही कॉलेज में एंट्री मिलेगी। कॉलेज व हॉस्टल में औचक निरीक्षण भी किया जाएगा। यूजीसी ने रैगिंग को रोकने के लिए वर्ष 2009 में सख्त गाइडलाइंस बनाई थी। इन गाइडलाइंस के मुताबिक कॉलेज प्रिंसिपल को सत्र के पहले तीन माह तक साप्ताहिक रिपोर्ट एंटी रैगिंग रोकथाम के रुप में बना कर प्रॉक्टर ऑफिस को भेजनी है। ऐसे में कॉलेजों को ऐसा करने के लिए भी निर्देशित किया गया है।
रैगिंग होने पर किन कहां करें संपर्क
- कॉलेजों में शिकायत पेटी की व्यवस्था
- 24 घंटे का एंटी रैगिंग हेल्पलाइन नंबर-1800-180-5522
- नार्थ कैंपस संयुक्त कंट्रोल रुम का नंबर-27667221
- साउथ कैंपस संयुक्त कंट्रोल रुम का नंबर-24119832
- 112, इमरजेंसी नंबर को फोन करें।