नई दिल्ली। दहशतगर्दी फैलाने की ट्रेनिंग के दौरान गिरफ्तार आतंकियों को पाकिस्तान में आग लगाने के अलग-अलग तरीके बताए गए थे। इसके बाद उन्हें भारत में जगह-जगह तेल के टेंकरों, रिफाइनरियों और महत्वपूर्ण इमारतों में आग लगाकर जान-माल का बड़े पैमाने पर नुकसान करने का आदेश दिया गया था। उद्देश्य भारत की अर्थव्यवस्था को बड़ा नुकसान पहुंचाना था। दिल्ली पुलिस की गिरफ्त में मौजूद आतंकियों ने पूछताछ में यह खुलासा किया है।
दूसरी तरफ, उसैद उर रहमान के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिया गया है। वहीं ओसामा के चाचा हुमैद उर रहमान ने प्रयागराज में कोतवाली में शुक्रवार शाम को सरेंडर कर दिया। दिल्ली पुलिस की एक टीम प्रयागराज भेजी जा रही है। हुमैद ने विस्फोटकों व हथियारों को छिपाकर रखा था।
स्पेशल सेल के पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पाकिस्तान में आतंकियों को सिखाया गया था कि चीनी में पोटेशियम क्लोराइड मिलाकर बड़े पैमाने पर आग लगाई जा सकती है। इसके अलावा भी आग लगाने के और तरीके बताए गए थे। आतंकियों को निर्देश था कि भारत में एक साथ कई जगहों पर बड़े पैमाने पर आग लगानी है। आग से बड़ा नुकसान होने पर भारत की अर्थव्यवस्था को चोट पहुंचेगी।
आतंकियों को ट्रेनिंग के दौरान हथगोले चलाना भी सिखाया गया था। हथियारों को रखना, उन्हें संभालना व चलाना सिखाया गया था। इसके अलावा आईईडी बनाने का भी प्रशिक्षण मिला था। पाकिस्तान में ट्रेनिंग लेकर आए ओसामा व जीशान को अन्य लोगों को ट्रेनिंग देनी थी।
इसके अलावा, स्पेशल सेल की जांच में पता चला है कि आतंकी ओसामा का चाचा हुमैद उर रहमान व पिता उसैद उर रहमान ही इस मोड्यूल के मास्टरमाइंड हैं। ये इन मोड्यूल की सबसे अहम कड़ी हैं। मॉड्य्ूल उन्होंने ही खड़ा किया।
उसैद उर रहमान के कहने पर हुमैद ने ओसामा व जीशान को आतंकी ट्रेनिंग के लिए पाकिस्तान भेजा था। स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हुमैद उर रहमान व उसैद उर रहमान के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए गए थे। दुबई में बैठा उसैद उर रहमान हुमैद को निर्देश देता रहता था। उसैद उर रहमान ही आईएसआई के संपर्क में था।
समीर कालिया ने पूछताछ में बताया है कि वह पिछले 10 वर्ष से अंडरवर्ल्ड सरगना दाऊद इब्राहिम के भाई अनीस इब्राहिम के संपर्क में था। वह फोन के जरिये एक सॉफ्टवेयर के माध्यम से अनीस से सीमा पार से निर्देश लेता था। पुलिस ने कालिया के मोबाइल को फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों को आशंका है कि समीर ने मोबाइल से चैट व अन्य जानकारी डिलीट कर दी हैं। समीर ने भी मोड्यूल को खड़ा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।