राजधानी में प्रदूषण नियंणत्र के लिए दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति(डीपीसीसी) ने 2015 से अब तक 478 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए हैं। यह जानकारी डीपीसीसी ने एक आरटीआई में दी है।
आरटीआई कार्यकर्ता अमित गुप्ता की ओर से लगाई गई आरटीआई में डीपीसीसी ने जवाब दिया है कि इस पैसे का उपयोग बैटरी से चलने वाले वाहनों, ई-रिक्शा, ऑड-ईवन ड्राइव, दिल्ली सचिवालय में बायो-गैस संयंत्र के रखरखाव, ऑनलाइन वायु गुणवत्ता निगरानी स्टेशनों के संचालन, वास्तविक समय स्रोत पर अध्ययन, स्मॉग टॉवर की स्थापना व पर्यावरण मार्शलों के वेतन समेत अन्य चीजों पर खर्च हुआ है।