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शातिर: अस्पताल-बाजार से कार चुराता था यह मास्टरमाइंड, जब तक पुलिस ढूंढती लगा देता था ठिकाने

Mon, 18 Oct 2021 09:47 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
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दक्षिण-पूर्व जिले की एंटी नारकोटिक्स टीम ने दिल्ली-एनसीआर में वाहन चोरी करने वाले सरकार गिरोह के सरगना नीरज शर्मा उर्फ विनय उर्फ सरकार उर्फ राजकुमार(42) को गिरफ्तार किया है। ये गिरोह कुछ ही समय में वाहन चोरी की 100 से ज्यादा वारदातें कर चुका है। ये चोरी की कारें की लग्जरी कारों को पूर्वोत्तर राज्यों में भेजते थे। 
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चोरी की कार को 48 घंटे में मणिपुर पहुंचा देते थे। पुलिस ने इसके पास से चोरी की आठ लग्जरी कारें बरामद की हैं। पुलिस ने इसकी गिरफ्तारी से वाहन चोरी के दस मामलों को सुलझाने का दावा किया है।

दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी ईशा पांडेय के अनुसार एसीपी, ऑपरेशन उमेश बर्थवाल को सूचना मिली थी कि राजकुमार चोरी की कार के लिए जसोला, सरिता विहार आएगा। एसीपी उमेश बर्थवाल की देखरेख में एसआई गौरव चौधरी की टीम ने यहां घेराबंदी की। पुलिस टीम को देखकर आरोपी ने कार की स्पीड बढ़ाकर भागने की कोशिश की, मगर पुलिस टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। 
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आरोपी ने पूछताछ में खुलासा किया कि वह चोरी की कारों को पूर्वोत्तर राज्यों में सप्लाई करता था। पुलिस टीम ने मणिपुर, इंफाल, सिलिगुड्डी, सितारगंज व उत्तराखंड में दबिश दी। छह कार इंफाल व दो कारें दिल्ली से बरामद की गईं हैं।
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एक कार के पांच लाख रुपये मिलते थे

आरोपी राजकुमार ने पूछताछ में बताया कि वह अपने साथियों के साथ सर्विस स्टेशनों,  अस्पतालों में खड़े वाहन और बाजार, जहां कार की चाबी चौकीदार को सौंपी जाती हैं, को निशाना बनाता था। ये गार्ड रूम पर नजर रखते थे और गार्ड रूम से असली चाबी चुरा लेते थे।

आरोपी राजकुमार चोरी की कार को चुराने के बाद 48 घंटे में मणिपुर रिसीवर तक पहुंचा देता था। उसे एक कार चुराने के तीन से पांच लाख रुपये मिलते थे। मणिपुर में चैसिस इंजन नंबर बदलकर कार को आगे बेच दिया जाता था। मणिपुर में फॉरच्यूनर, क्रेटा समेत लग्जरी कारों की बहुत मांग है।
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