दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने गुरुवार को कहा कि शहीद दमकल कर्मी प्रवीण कुमार हमारे समाज के लिए आदर्श थे जिन्होंने अपने कर्तव्य पालन के दौरान किसी सामान्य नागरिक को कोई नुकसान नहीं पहुंचने दिया, लेकिन ऐसा करते हुए उन्होंने स्वयं अपनी जान कुर्बान कर दिया।
नरेला एरिया में गत 9 अक्टूबर को आग लगने की एक घटना हुई थी। आग लगने की सूचना सुनने के बाद मौके पर पहुंचे अग्निशमन कर्मियों ने आग बुझाने की पूरी कोशिश की। इस दुर्घटना में किसी सामान्य नागरिक को कोई चोट नहीं आने पाई, लेकिन आग बुझाने के दौरान एक इमारत का पिछला हिस्सा अग्निशमन कर्मियों के ऊपर गिर पड़ा जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें से एक जवान प्रवीण कुमार की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। दिल्ली सरकार ने इस अग्निशमन कर्मी के परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।
विज्ञापन
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने गुरुवार को कहा कि शहीद दमकल कर्मी प्रवीण कुमार हमारे समाज के लिए आदर्श थे जिन्होंने अपने कर्तव्य पालन के दौरान किसी सामान्य नागरिक को कोई नुकसान नहीं पहुंचने दिया, लेकिन ऐसा करते हुए उन्होंने स्वयं अपनी जान कुर्बान कर दिया।
उन्होंने कहा कि किसी भी जवान के शहीद होने की क्षतिपूर्ति कभी नहीं की जा सकती। कोई भी व्यक्ति अपने परिवार के लिए अमूल्य होता है, लेकिन दिल्ली सरकार ऐसी वीर जवानों के परिवार के साथ खड़ी है और इस बात का आश्वासन देती है कि परिवार को किसी प्रकार का कोई कष्ट नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि एक करोड़ रुपया उनके महान कर्तव्य को याद करते हुए दिया गया एक सम्मान मात्र है।