फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिल्ली: स्मार्ट हेल्थ कार्ड के लिए कैबिनेट ने बजट किया मंजूर, अगले साल मिल सकता है लोगों को लाभ

Wed, 06 Oct 2021 12:07 AM IST
नोएडा ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

ऐसे मिलेगा कार्ड- सबसे पहले लोगों को परिवार के सदस्यों के साथ अस्थायी ई-हेल्थ कार्ड प्राप्त करना होगा। इसके लिए खुद को पहले पंजीकृत कराना होगा। पूर्व पंजीकरण के बाद एक वर्ष की अवधि के लिए अस्थायी ई-स्वास्थ्य कार्ड जारी होगा और सर्वे के माध्यम से नागरिक विवरण को मान्य करने और बाद में स्थायी यानी पीवीसी कार्ड सौंपा जाएगा।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दो बार अंतिम तिथि निकलने के बाद एक बार फिर दिल्ली सरकार ने प्रत्येक नागरिक के लिए स्मार्ट हेल्थ कार्ड जल्द उपलब्ध कराने का दावा किया है। हेल्थ इन्फार्मेशन मैनेजमेंट सिस्टम (एचआईएमएस) के तहत मिलने वाले स्मार्ट हेल्थ कार्ड के लिए दिल्ली सरकार कैबिनेट ने मंगलवार को बजट मंजूर कर दिया। इसके तहत सभी नागरिकों का एक यूनिक हेल्थ कार्ड बनेगा, जिसमें उनकी चिकित्सा संबंधित सभी जानकारी होंगी। दावा है कि इस कार्ड के बाद अस्पतालों में लंबी लाइनों से छुटकारा मिल जाएगा। कार्ड यूजर सरकार की सभी स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी भी ले सकेंगे। हालांकि, यह कार्ड सभी मतदाताओं को वोटर आई कार्ड की तरह ही जारी किए जाएंगे। आगामी दिनों में यह कार्ड एक दस्तावेज के रूप में अनिवार्य होगा।

विज्ञापन


दिल्ली सरकार काफी समय से ई-हेल्थ कार्ड पर काम कर रही है। कई बार मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की अध्यक्षता में अधिकारियों के साथ बैठक की जा चुकी हैं। बीते 31 अगस्त से कार्ड का वितरण शुरू होने का लक्ष्य रखा गया था, जो समय पर पूरा नहीं हो पाया। स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, अगले वर्ष से यह कार्ड उपलब्ध कराया जा सकता है। अभी आबादी का सर्वे चल रहा है, जिसे पूरा होने में कुछ महीने और लग सकते हैं। इस सर्वे का पूरा ब्योरा क्लाउड आधारित होगा।

इलाज के साथ जांच रिपोर्ट भी रहेगी सुरक्षित
एचआईएमएस प्रोजेक्ट को लेकर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की अध्यक्षता में 17 जनवरी 2018 को पहली बैठक हुई थी। इसके बाद 25 जनवरी 2018 को निविदा पर एक आरएफपी समिति का गठन हुआ। स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने 28 जून 2018 को सभी अस्पतालों में एचआईएमएस लागू करने का आदेश दिया। 28 अगस्त 2020 को हेल्थ कार्ड जारी करने का निर्णय लिया गया, जो अब तक पूरा नहीं हो सका है। दिल्ली सरकार का कहना है कि एचआईएमएस की परिकल्पना प्रत्येक व्यक्ति के संपूर्ण मेडिकल रिकॉर्ड को ट्रैक और रिकॉर्ड करने और देखभाल की निरंतरता प्रदान करने में मदद करने के लिए है। इलाज के साथ यहां जांच आदि की रिपोर्ट भी सुरक्षित रहेगी।
विज्ञापन


क्यूआर कोड से लैस होगा कार्ड
हेल्थ कार्ड सुरक्षित क्यूआर कोड से लैस होगा। मतदाता पहचान पत्र 18 वर्ष और उससे अधिक आयु के नागरिकों के लिए स्वास्थ्य कार्ड अनिवार्य दस्तावेज होगा। दिल्ली के बाहर के संस्थानों में भी इसे लागू किया जा सकता है। जिनकी आयु 18 वर्ष से कम है उन्हें भी कार्ड मिलेगा, लेकिन उनके कार्ड से माता-पिता का स्वास्थ्य कार्ड लिंक होगा। अस्पताल में जन्म लेते ही मां के साथ शिशु का स्वास्थ्य कार्ड लिंक कर दिया जाएगा।

ऐसे मिलेगा कार्ड
सबसे पहले लोगों को परिवार के सदस्यों के साथ अस्थायी ई-हेल्थ कार्ड प्राप्त करना होगा। इसके लिए खुद को पहले पंजीकृत कराना होगा। पूर्व पंजीकरण के बाद एक वर्ष की अवधि के लिए अस्थायी ई-स्वास्थ्य कार्ड जारी होगा और सर्वे के माध्यम से नागरिक विवरण को मान्य करने और बाद में स्थायी यानी पीवीसी कार्ड सौंपा जाएगा। हालांकि, पंजीयन कहां कराना है? इस बारे में अभी जानकारी नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें