रोहिणी कोर्ट रूम में हमलावरों की गोली से मारे गए गैंगस्टर जितेंद्र उर्फ गोगी और पुलिस की गोलियों से ढेर हुए दो बदमाश जयदीप और राहुल के शवों का शनिवार को पोस्टमार्टम नहीं हो सका। शनिवार को मेडिकल बोर्ड का गठन नहीं होने की वजह से इनका पोस्टमार्टम नहीं किया जा सका। संभावना है कि रविवार को बोर्ड के गठन के बाद तीनों का पोस्टमार्टम किया जाएगा।
सुरक्षा और कानून व्यवस्था को देखते हुए जितेंद्र गोगी का शव अंबेडकर अस्पताल की मोर्चरी में रखा गया है। वहीं उसकी हत्या करने वाले राहुल और जयदीप के शवों को जहांगीरपुरी स्थित बाबू जगजीवन राम अस्पताल में रखा गया है। शनिवार सुबह ही जितेंद्र गोगी के परिवार वाले अंबेडकर अस्पताल पहुंच गए थे। शाम तक पोस्टमार्टम नहीं होने पर सभी वापस चले गए। वापस जाने के दौरान सभी काफी गुस्से में थे।
तीनों शवों के पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल बोर्ड गठित किए जाएंगे। शनिवार और रविवार को 12 बजे तक ही पोस्टमार्टम की प्रक्रिया होती है। ऐेसे में बोर्ड गठित करने की प्रक्रिया पूरी नहीं होने की वजह से शनिवार को पोस्टमार्टम नहीं किया गया।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक पोस्टमार्टम मजिस्ट्रेट की निगरानी में किया जाएगा और इसकी वीडियोग्राफी भी करवाई जाएगी। सुबह से ही दोनों अस्पतालों की सुरक्षा में दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बल को तैनात किया गया था। शाम में दोनों अस्पतालों में सुरक्षा और बढ़ा दी गई। दोनों थानों के प्रभारियों ने अस्पतालों की सुरक्षा का जायजा लिया। इसके अलावा अस्पताल के आस-पास स्पेशल स्टाफ और स्पेशल सेल के जवान सादी वर्दी में तैनात दिखे।
पोस्टमार्टम नहीं होने से परेशान हुए परिजन
जितेंद्र गोगी के शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए उसके बड़े भाई रविंद्र के साथ करीब आधा दर्जन लोग शनिवार सुबह ही अंबेडकर अस्पताल पहुंच गए। परिवार वालों का कहना है कि उन्हें कहा गया था कि शनिवार को ही पोस्टमार्टम कर दिया जाएगा। लेकिन शाम को कहा गया कि बोर्ड का गठन नहीं होने की वजह से पोस्टमार्टम नहीं किया जाएगा।
वहीं राहुल और जयदीप के परिवार वाले भी बाबू जगजीवन राम अस्पताल पहुंच थे लेकिन पोस्टमार्टम नहीं होने की जानकारी मिलने के बाद वह वापस चले गए।
अंतिम संस्कार के लिए गांव में मौजूद थे पुलिसकर्मी
शनिवार को जितेंद्र गोगी के शव का पोस्टमार्टम करवाए जाने की जानकारी के बाद कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए वहां काफी संख्या में पुलिसकर्मी और अर्धसैनिक बल को तैनात किया गया था। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उन्हें सूचना मिली है कि शनिवार को गोगी के शव का पोस्टमार्टम हो सकता है। इसलिए उसके गांव में पुलिस बल को तैनात कर दिया गया था। इसके साथ पोस्टमार्टम करवाने आए उसके परिवार वालों को इस बात के लिए राजी कर लिया गया था कि गोगी के अंतिम संस्कार में कम लोग ही रहेंगे।