उन्होंने बताया कि ऐसे मरीज तीन लेयर वाले मास्क पहनें। एक मास्क को आठ घंटों से ज्यादा ना पहनें। और अगर पहले ही मास्क गीला या गंदा लग रहा है तो पहले ही बदल दें। मास्क को उपयोग करने के बाद उसे टुकड़ों में कर उसे 72 घंटों के लिए कागज में बंद रखने के बाद कूड़ेदान में फेंकें। मरीज जब कमरे में आए तो मरीज और उसकी देखभाल करने वाला, दोनों लोग एन-95 मास्क ही लगाएं।
उन्होंने आगे बताया कि ऐसे मरीजों को साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। होम आइसोलेशन वाले कोरोना मरीज खुद भी व्यस्त रहें और परिवार, रिश्तेदारों से समय-समय पर फोन पर बात करते रहें।