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सचिन का कारनामा: दोस्त से गायब कराई कार, पुलिस में दर्ज कराई FIR, वजह जान दंग रह जाएंगे आप

Sun, 26 Feb 2023 08:38 AM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली

सार

पुलिस ने दीपक को हिरासत में ले लिया। पहले तो उसने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की लेकिन बाद में वारदात में शामिल होना कबूल कर लिया।
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राजधानी दिल्ली के द्वारका इलाके में बीमा की रकम हड़पने के लिए एक व्यक्ति ने दोस्त के साथ मिलकर कार चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे की मदद से उसके दोस्त को बामडोली झज्जर से गिरफ्तार कर लिया है। जबकि मुख्य आरोपी और उसके एक साथी की तलाश में दबिश दे रही है। पुलिस की जांच बढ़ने पर आरोपी ने अपनी कार में आग लगा दी। पुलिस जली हुई हॉडा सिटी कार और वारदात में इस्तेमाल आई10 कार बरामद कर ली है।

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गिरफ्तार आरोपी की पहचान गांव बामडोली, झज्जर हरियाणा निवासी दीपक के रूप में हुई है। वह पीडीएम कॉलेज से वकालत की पढ़ाई कर रहा है। दो फरवरी को बाबा हरिदास नगर थाने में सचिन नाम के युवक ने अपनी होंडा सिटी कार चोरी होने की शिकायत की। शिकायतकर्ता ने बताया कि एक फरवरी की रात वह होंडा सिटी कार से उग्रसेन पार्क, गोशाला नंबर दो, नांगलोई-नजफगढ़ रोड, गया था। जहां से किसी ने उसकी कार चुरा ली। मामले की जांच का जिम्मा वाहन चोरी निरोधक शाखा को सौंपी गई। निरीक्षक कमलेश कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम घटनास्थल के सीसीटीवी कैमरे के फुटेज और एएनपीआर कैमरों (स्वचालित नंबर प्लेट पहचान) की जांच की गई। जिसमें पता चला कि कार चोरी करने के दौरान एक और कार का इस्तेमाल किया गया है। 

पुलिस ने झरोदा बार्डर के पास लगे सीसीटीवी फुटेज के जरिए आरोपी की आई10 कार की पहचान की। कार बामडोली निवासी दीपक के नाम रजिस्टर थी। पुलिस ने दीपक को हिरासत में ले लिया। पहले तो उसने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की लेकिन बाद में वारदात में शामिल होना कबूल कर लिया। पूछताछ में उसने बताया कि शिकायतकर्ता सचिन कॉलेज का दोस्त है। वह एक नई कार खरीदना चाह रहा था। उसकी पुरानी होंडा सिटी कार की कीमत कम मिल रही थी। बीमा की रकम लेने के लिए उसने कार की चोरी की घटना की रिपोर्ट करने की योजना बनाई।
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दीपक कार को स्क्रैप डीलरों को बेचने वाला था, लेकिन दो दिन बाद सचिन ने उसे बताया कि पुलिस सीसीटीवी कैमरे की जांच कर उसकी कार का पीछा कर रही है। उसके बाद उन लोगों ने कार को सुनसान जगह ले जाकर जला दी। उसके बाद बीमा का दावा किया। शिकायतकर्ता को 35 हजार रुपये मिले। पुलिस ने जांच में पाया कि सचिन वारदात के पहले और बाद भी दीपक के संपर्क में था। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दीपक की गिरफ्तारी के बाद से सचिन और कृष्ण फरार है, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।

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