दिल्ली में ट्रक आदि भारी वाहनों ने जबरदस्ती प्रवेश किया तो चालक के खिलाफ केस दर्ज होगा। चालकों के खिलाफ आईपीसी की धारा 188 के तहत मामला दर्ज किया जाएगा। इसके अलावा जो ट्रक दिल्ली में अनजाने में प्रवेश करेंगे उनका प्रदूषण चैक करवा कर उन्हें वापस लौटाया जाएगा। दिल्ली में प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने कई कदम उठाए हैं। इसके अलावा दिल्ली ट्रैफिक पुलिस पड़ोसी राज्यों से संपर्क कर रही है, जिससे ट्रक आदि वाहनों को पड़ोसी शहरों से पहले ही होल्डिंग पाइंट पर रोका जा सके।
दिल्ली पुलिस के संयुक्त पुलिस आयुक्त(ट्रैफिक) मनीष अग्रवाल ने बताया कि दिल्ली में प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस सख्त कदम उठा रही है। अगर ट्रक आदि भारी वाहन दिल्ली में प्रवेश कर जाता है तो उसे वापस लौटा दिया जाएगा। जिन ट्रक का प्रदूषण सर्टिफिकेट नहीं होगा तो उनका प्रदूषण चैक करवाया जाएगा।
संयुक्त पुलिस आयुक्त का कहना है कि जो वाहन भारी जबरदस्ती दिल्ली में प्रवेश करेगा उसके चालक के खिलाफ सरकारी आदेश का उल्लंघन करने पर आईपीसी की धारा 188 के तहत मामला दर्ज किया जाएगा। सभी वाहनों को पीयूसी चैक किया जाएगा। इसको लेकर सभी ट्रैफिक अधिकारियों व कर्मियों को आदेश दे दिए गए हैं। दिल्ली के सभी 14 बॉर्डरों पर पुलिस टीमों तैनात कर दी गई हैं। वह भारी वाहनों को दिल्ली में प्रवेश करने से रोक रही हैं।
उन्होंने बताया कि इसके अलावा पड़ोसी राज्यों को दिल्ली से सटे शहरों की पुलिस से संपर्क किया जा रहा है कि ट्रक आदि भारी वाहनों को वह दिल्ली पुलिस से पहले होल्डिंग पाइंट पर रोक दें। दिल्ली बॉर्डर पर ट्रकों को पार्क करने की जगह नहीं है। अगर पड़ोसी शहर के पुलिस ट्रकों को हाइवे आदि पर रोक देगी तो दिल्ली के बॉर्डरों पर जाम की समस्या नहीं होगी। इसके लिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस पड़ोसी शहरों की पुलिस से संपर्क कर रही है।
संयुक्त पुलिस आयुक्त मनीष अग्रवाल ने बताया कि परिवहन आयुक्त ने भी वाहनों को दिल्ली से पहले रोकने के लिए पड़ोसी राज्यों को पत्र लिखा हैं। गौरतलब है कि आवश्यक वस्तुओं को ले जाने वाले ट्रकों को छोड़कर दिल्ली में ट्रकां के प्रवेश पर 21 नवंबर रोक है।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने दी सलाह
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने ट्रक संचालकों/मालिकों/ट्रकों के चालकों के सभी संघों को सलाह दी है कि वह अपने स्तर पर पर्याप्त व्यवस्था करें कि वह अपने ट्रकों को दिल्ली सीमा के बाहर गोदामों, परिवहन हब आदि जैसे जगहों पर 21 नवंबर तक रोक दें। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों के अनुसार पड़ोस के एनसीआर शहरों के पुलिस अधिकारियों से भी अनुरोध किया गया है कि वह ऐसे ट्रकों के डायवर्जन के लिए पर्याप्त व्यवस्था करें कि ट्रक दिल्ली में दिल्ली व दिल्ली बॉर्डर पर प्रवेश न कर सकें।