दिल्ली के छावला के कुतुब विहार इलाके में शनिवार देर रात कमरे में चल रहे ब्लोअर से आग लग गई। इससे कमरे में मौजूद दंपति व उनके डेढ़ साल के मासूम बेटे की दम घुटने से मौत हो गई। परिवार के सदस्यों ने दरवाजा तोड़कर पीड़ितों को बाहर निकाला।
तीनों को उपचार के लिए सफदरजंग अस्पताल पहुंचाया गया। जहां दंपति को मृत घोषित कर दिया गया। वहीं, उपचार के दौरान बच्चे की भी मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि अभी तक की जांच में शॉर्ट सर्किट की वजह से आग लगने की बात सामने आ रही है।
लेकिन मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। जानकारी के मुताबिक ,अब्दुल रहमान (35), पत्नी शबाना परवीन (30) और डेढ़ साल के बेटा फैजल रहमान के साथ कुतुब विहार बी ब्लॉक में रहता था।
बेटे की अस्पताल में उपचार के दौरान हुई मौत
प्रॉपर्टी डीलर अब्दुल मकान के ग्राउंड फ्लोर पर रहता था। वहीं, उसका साला नूर मोहम्मद सपरिवार पहली मंजिल पर रहता था। शनिवार रात करीब डेढ़ बजे पहली मंजिल पर धुआं निकलने पर नूर मोहम्मद को आग लगने की जानकारी मिली। वह भागकर नीचे आया।
उसने अपने जीजा के कमरे से धुआं निकालता हुआ देखा। नूर ने शोर मचाया। शोर सुनकर आस-पास के लोग पहुंच गए। नूर ने कमरे का दरवाजा तोड़ने की कोशिश की लेकिन उसे जोरदार करंट लगा।
इसके बाद उसने मेन लाइन से जा रहे बिजली के तार को कुल्हाड़ी से काट कर अलग करने के बाद दरवाजे को तोड़ दिया। कमरे में अब्दुल, शबाना और फैजल अचेत पड़े थे। तीनों को बाहर निकालने के बाद उन्हें सफदरजंग अस्पताल पहुंचाया गया।
पुलिस हर पहलू से कर रही है मामले की जांच
जहां डॉक्टरों ने अब्दुल और उसकी शबाना को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने दम घुटने से दोनों की मौत की आशंका जताई। वहीं, डॉक्टरों ने बच्चे का इलाज शुरू किया। रविवार सुबह करीब पौन नौ बजे बच्चे की भी उपचार के दौरान मौत हो गई।
वहीं, आग लगने की जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची दमकल की दो गाड़ियों ने कुछ देर में आग पर काबू पा लिया। परिवार वालों ने आरोप लगाया कि सूचना देने के काफी देर बाद दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंची थीं।
दक्षिण पश्चिम जिला की पुलिस उपायुक्त सुमन गोयल ने बताया कि प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की बात सामने आई है। फिलहाल मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। तीनों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों का खुलासा हो पाएगा।