वेंडर ठेकेदार से आठ हजार की रिश्वत लेते हुए आरपीएफ इंस्पेक्टर जी. हसन को सीबीआई की एंटी करप्शन शाखा ने रंगेहाथ धर दबोचा।
आरोपी को मंगलवार शाम सीबीआई विशेष न्यायाधीश डा. एके सिंह की कोर्ट में पेश किया गया। जहां उसे उसे 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में डासना जेल भेज दिया गया।
सीबीआई के वरिष्ठ लोक अभियोजक एस. इस्लाम और बीके सिंह ने बताया कि दादरी स्टेशन पर वेंडर ठेकेदार अरुण मिश्रा से आरोपी इंस्पेक्टर जी. हसन साढे़ 17 हजार रुपये रिश्वत की मांग कर रहा था। आरोपी कुछ साल पहले दादरी स्टेशन पर ही तैनात रहा था।
वर्तमान में वह टूंडला स्टेशन पर तैनात था। वादी से सीबीआई टीम से शिकायत करते हुए बताया था कि आरोपी उससे कहता है कि टूंडला से दादरी तक का इलाका उसी के अंडर में आता है।
इस पर सीबीआई की एंट्री करप्शन शाखा ने आरोपी की गिरफ्तारी को जाल बिछाया। साढे़ 17 हजार की एवज में मामला 8 हजार में तय हो गया।
सोमवार को आधी आधी रात के बाद आरोपी को सीबीआई ने उस समय उसे रंगेहाथ धर दबोचा, जब वह अरुण मिश्रा से 8 हजार की रिश्वत ले रहा था।