जेल प्रशासन ने बताया कि अब्दुल के खिलाफ लूटपाट, हत्या के प्रयास, चोरी और झपटमारी जैसे कई मामले दर्ज थे। वर्ष 2016 से वह लगातार जेल आता-जाता रहा है। फिलहाल पिछले करीब नौ माह से वह एक मामले में रोहिणी जेल में बंद था। उसे जेल संख्या-10 में रखा हुआ था। बुधवार दोपहर जेल के बाकी कैदियों ने उसे जेल के कॉमन शौचालय में फंदे से लटका दिखा। इसके बाद तुरंत उसे उतारा गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
अब्दुल के एक परिजन ने बताया कि उसका परिवार सुल्तानपुरी के 49-ब्लॉक में रहता था। इसके परिवार में पत्नी सोनार और पांच बच्चे हैं। इसकी मां पश्चिम बंगाल में रहती हैं। कुछ समय पूर्व उसका इलाके में ठप्पा नामक बदमाश से झगड़ा हो गया था। उसी मामले में यह नौ माह से जेल में बंद था।