बच्चों में दिखते हैं लक्षण
- अकारण या बिना बोले हाथ हिलाना
- शरीर को हिलाना
- मध्यम आवाज को भी शोर मानना
- बालों या शरीर के किसी अंग को लगातार हाथ लगाना
- अलग व्यवहार करना, साफ-सफाई पर विशेष ध्यान रखना
ऐसे करें पहचान
- बच्चा छह माह तक बात करने पर प्रतिक्रिया न दे
- एक साल की उम्र तक में बच्चा बोल न पाए
- 16 माह की उम्र में बच्चा एक शब्द अर्थ के साथ न बोल पाए
- 24 माह की उम्र में बच्चा दो शब्द अर्थ के साथ न बोल पाए
- नजरें न मिल पाए
जागरूकता के लिए अभियान
अप्रैल माह को ऑटिज्म जागरूकता के तौर पर मनाया जाता है। इस बार की थीम कलर्स रखी गई है। ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर (एएसडी) है। यह एक तंत्रिका विकास संबंधी विकार है। इसका निदान 12-18 महीने की उम्र में ही किया जा सकता है। यह सभी में एक जैसा नहीं होता। एम्स में आए 1800 से अधिक रोगी पर इसका अध्ययन किया गया। इसमें 80 फीसदी में एक से ज्यादा सह-रुग्णताएं देखी गई। इसमें व्यवहार में बदलाव, वैश्विक विकासात्मक देरी, बौद्धिक विकलांगता, नींद की असामान्यताएं, मिर्गी, भाषा में देरी सहित दूसरे लक्षण दिखते हैं। इस रोग को 2024 विकलांगता प्रमाणन दिशा निर्देशों में शामिल किया गया है।
चल रहा है अध्ययन
जोखिम वाले शिशुओं में ऑटिज्म के निदान को लेकर प्रारंभिक मार्करों की तलाश के लिए अध्ययन चल रहा है। इसे लेकर कई थेरेपी विकसित की गई है। इसमें आहार थेरेपी, न्यूरोमॉड्यूलेटरी थेरेपी, निदान व प्रबंधन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता को शामिल सहित अन्य शामिल हैं।