एनआईसी में चुनावी ड्यूटी लगाए जाने की बजाए करीब दो हजार अफसरों और कर्मचारियों के नाम छिपाए जाने का मामला सामने आया है।
चुनाव कंट्रोल रूम और एनआईसी में चल रहे ड्यूटी फीडिंग कार्य का प्रभार देख रहे अवधेश सिंह यादव के अनुसार करीब साढे़ 14 हजार कर्मचारियों की ड्यूटी लगनी है। सभी विभागों से सूची मांगी थी।
शनिवार दोपहर जब उन्होंने एनआईसी में जांच की तो पता चला कि जितनी सूची थीं सभी की फीडिंग कर दी गई है। करीब 10 हजार कर्मचारियों की फीडिंग हो सकी थी, जबकि रजिस्टर में दर्ज कोडिंग के अनुसार एनआईसी को साढे़ ग्यारह हजार से ज्यादा कर्मचारियों के नाम फीड करने को दिए गए थे।
पूछताछ की तो एनआईसी कर्मचारी स्पष्ट कोई जवाब नहीं दे पाए। बाद में आनन-फानन में पुरानी फाइल निकालकर नाम फीड करने का काम शुरू कर दिया गया।
विभिन्न विभागों से आई चुनावी ड्यूटी की 2 सीडी ब्लैंक हैं। अधिकारी का कहना है कि ऐसा भी संभव है कि इन सीडी के डाटा को खुद ही किसी व्यक्ति ने डिलीट कर दिया हो। इस मामले की भी जांच की जा रही है।