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दांडी मार्च निकालकर किसानों ने 11 गांवों में मांगे चावल

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नोएडा। प्राधिकरण के खिलाफ 21 अक्तूबर से आंदोलन की गति बढ़ाने के लिए भारतीय किसान परिषद के नेतृत्व में गांव-गांव जाकर चावल लेकर समर्थन जुटाया जा रहा है। किसानों ने इसे दांडी मार्च का नाम दिया है। सोमवार को गढ़ी चौखंडी में आयोजित मार्च में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखवीर पहलवान ने कहा कि इस बार प्राधिकरण से आर-पार की लड़ाई होगी। या तो प्राधिकरण अधिकारी उनकी समस्याओं का समाधान करेंगे या किसानों की समाधि प्राधिकरण दफ्तार पर ही बनेंगी।
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उन्होंने कहा कि 45 वर्षों से किसान प्राधिकरण की तानाशाही झेल रहे हैं। लेकिन प्राधिकरण की वजह से किसान पैतृक संपत्ति अपनी संतानों को नहीं दे पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान महात्मा गांधी के बताए मार्ग पर चल रहे हैं। उन्होंने सोमवार को नोएडा के 11 गांवों से एक-एक मुटठी चावल की घर-घर से लेकर 21 अक्तूबर से धरने पर हर घर से किसान को बुलाने की अपील की है।
रेल रोकने जा रहे किसानों को पुलिस ने रोका
नोएडा। भारतीय किसान संगठन के कार्यकर्ता रेल रोको आंदोलन में सहयोग करने के लिए सोमवार को दादरी रेलवे स्टेशन पर जाने के लिए रवाना हुए। लेकिन सेंट्रल जोन के एसीपी अब्दुल कादिर और फेज-थ्री कोतवाल ने उन्हें रोक लिया। पुलिस अधिकारियों ने किसानों को चेतावनी दी कि यदि वह रेल रोकने गए तो उनको जेल भेज दिया जाएगा। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र यादव ने बताया कि संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर सोमवार को दादरी में रेल रोकने के लिए जाना था। लेकिन पुलिस को भनक लगी तो गढ़ी गांव में उनको घर पर ही घेर लिया और रेल रोकने के लिए जाने नहीं दिया गया। इसके कारण किसानों ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन एसीपी को सौंप दिया। ब्यूरो
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