नोएडा एयरपोर्ट के लिए करार पर हुए हस्ताक्षर
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दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को जोड़ने के लिए बुधवार को उत्तर प्रदेश सरकार, नेशनल हाईवे अथारिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) और हरियाणा सरकार की सैद्धांतिक सहमति मिल गई है। बुधवार को दिल्ली में हुई बैठक में यह तय हुआ कि एनएचएआई बल्लभगढ़ से रबूपुरा के फलैदा तक 31 किमी सड़क बनाएगा। इससे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट दिल्ली मुंबई एक्सप्रेसवे से जुड़ जाएगा।
दिल्ली से मुंबई को जोड़ने वाले 1350 किमी लंबे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे दिल्ली से हरियाणा के बल्लभगढ़ से होता हुआ निकलेगा। प्रस्तावित एक्सप्रेसवे से नोएडा एयरपोर्ट की दूरी लगभग 31 किमी है। काफी दिनों से इस एक्सप्रेसवे को नोएडा एयरपोर्ट से जोड़ने की कवायद चल रही थी। जिससे हरियाणा-दिल्ली के रास्ते आने वाले लोगों को भी इस एयरपोर्ट का फायदा मिल सके। अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट और कार्गों एयरपोर्ट होने के चलते बड़े व्यापार केंद्रों का भी जुड़ाव इस एयरपोर्ट के माध्यम से होने वाला है।
ऐसे में आठ लेन वाले प्रस्तावित दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से नोएडा एयरपोर्ट को जोड़ने से दिल्ली-एनसीआर सहित, यूपी, राजस्थान के शहरों की भी कनेक्टिविटी बेहतर होगी और व्यापार के केंद्र अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जुड़ेंगे। बुधवार को यूपी सरकार, हरियाणा सरकार और एनएचएआई की ओर से इस एक्सप्रेसवे को जोड़ने की सैद्धांतिक सहमति मिल गई।
7 किमी की भूमि यूपी सरकार खरीदेगी
एयरपोर्ट से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के बीच 31 किमी की दूरी में से 24 किमी हरियाणा के हिस्से में है। जबकि शेष 7 किमी का हिस्सा उत्तर प्रदेश में आता है। सैद्धांतिक सहमति के अनुसार एनएचएआई अब हरियाणा के हिस्से की जमीन खरीदेगा। वहीं, उत्तर प्रदेश के 7 किमी के हिस्से की भूमि यूपी सरकार खरीदेगी। एनएचएआई इस 31 किमी रोड के निर्माण का सारा खर्च उठाएगा।
123 किमी होगी नोएडा और दिल्ली एयरपोर्ट की दूरी
नोएडा एयरपोर्ट से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे जुड़ जाने से इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट से इसकी 123 किमी होगी। माना जा रहा है कि दोनों के बीच की दूरी करीब 60 मिनट में तय की जा सकेगी।