ईस्टर्न और वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर निर्माण कार्य
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आम बजट में वित्त मंत्री ने ईस्टर्न और वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डीएफसीसी) परियोजना को डेढ़ साल में पूरा करने की घोषणा की है, लेकिन गौतमबुद्ध नगर में दोनों कॉरिडोर का निर्माण कार्य इसी साल पूरा कर लिया जाएगा। ईस्टर्न कॉरिडोर मार्च, 2021 और वेस्टर्न कॉरिडोर दिसंबर, 2021 तक पूरा होगा।
जिले में डीएफसीसी परियोजना पर तेजी से काम चल रहा है। वेस्टर्न कॉरिडोर का 17 किमी का हिस्सा जिले में है। कॉरिडोर का हिंडन और यमुना पर पुल तैयार हो गया है। नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे और सूरजपुर-कासना रोड पर ओवर ब्रिज तेजी से बन रहा है। 130 मीटर रोड पर फ्लाईओवर बनाया जा रहा है। वेस्टर्न कॉरिडोर के अफसरों ने बताया कि सभी फ्लाईओवर, ओवर ब्रिज और पुल तैयार होने के बाद मशीन से रेलवे लाइन बिछाने का काम शुरू होगा। दिसंबर, 2021 तक गौतमबुद्ध नगर में कॉरिडोर का निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा।
वहीं, ईस्टर्न कॉरिडोर का दादरी-खुर्जा जंक्शन का कुछ हिस्सा गौतमबुद्ध नगर में है। खुर्जा से दादरी तक रेलवे लाइन तैयार है। केवल तीन गांव में 1.15 किमी के ट्रैक का निर्माण जमीन नहीं मिलने से पूरा नहीं हो सका है। इन जमीन का मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है।
ईस्टर्न कॉरिडोर के अफसरों ने बताया कि हाईकोर्ट से जितनी जल्दी आदेश आएगा, उतनी जल्दी काम पूरा होगा। फिलहाल मार्च, 2021 तक काम पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित है। इसके अलावा जिले में कॉरिडोर पर 8 आरओबी बनेंगे। उनका काम तेजी से चल रहा है। केवल उनके संपर्क मार्ग बनने में समय लगेगा। उसके लिए प्रशासन को जमीन अधिग्रहण करनी है। जिसमें 7 से 8 माह का समय लगेगा।