ग्रेटर नोएडा। प्रदेश सरकार ने नॉलेज पार्क स्थित शारदा अस्पताल को कोविड अस्पताल घोषित किया है। यह प्रदेश का दूसरा सबसे बड़ा कोविड अस्पताल है। अस्पताल में 800 बेड कोविड मरीजों के लिए आरक्षित किए गए हैं। सरकारी क्षेत्र में सबसे बड़ा अस्पताल लखनऊ स्थित केजीएमयू है। यहां 1094 बेड आरक्षित किए गए हैं। दोनों ही अस्पताल एल-थ्री स्तर के हैं। शारदा अस्पताल में कुल बेडों की क्षमता 1200 है। 400 बेडों पर सामान्य मरीजों के इलाज होगा। शारदा निजी क्षेत्र में प्रदेश का सबसे बड़ा अस्पताल है। यहां 32 डॉक्टरों समेत कुल 80 कर्मियों की टीम बनाई गई है। जनसंपर्क विभाग के निदेशक डॉक्टर अजीत कुमार ने बताया कि सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। सामान्य व संक्रमित मरीजों के लिए अलग-अलग प्रवेश व निकास द्वार बनाए गए हैं। गेट नंबर एक पर ही प्राथमिक जांच के बाद ही अस्पताल में प्रवेश दिया जाएगा।
होम आइसोलेट मरीजों की मदद करेगा उपचार एप
राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) ने उपचार एप को फिर से क्रियाशील कर दिया है। इसकी सहायता से होम आइसोलेट मरीज सीधे डॉक्टर के संपर्क में रहेंगे और बेहतर इलाज कर सकेंगे। निदेशक ब्रिगेडियर डॉक्टर राकेश कुमार गुप्ता ने बताया कि जिले में कुल संक्रमितों की संख्या 9300 पहुंच गई है। अधिकांश मरीजों को होम आइसोलट किया गया है। ऐसी स्थिति में यह एप कारगर साबित होगा। दूसरी लहर में भी इसके माध्यम से करीब 800 होम आइसोलेट मरीजों का उपचार और निशुल्क परामर्श दिया गया था। पांच प्रमुख डॉक्टरों जोड़ा गया है, जो मरीजों की समस्या जानकर उन्हें परामर्श और दवाओं की जानकारी दे रहे हैं। गूगल प्ले स्टोर से मोबाइल पर एप डाउनलोड करना होगा। इसमें मोबाइल नंबर समेत अन्य ब्योरा देकर पंजीकरण कराना होगा। ब्योरा चिकित्सकों के डैशबोर्ड पर उपलब्ध होगा। चिकित्सक लक्षण के आधार पर मरीजों को परामर्श और दवाएं लिखकर देंगे। दवा खुद खरीदनी होगी।