ग्रेटर नोएडा। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की अंक सुधार परीक्षा शनिवार से शुरू हो गई। पहले दिन कक्षा 10वीं और 12वीं का हिंदी का पेपर हुआ। परीक्षा में शामिल होने का आवेदन करने के बाद भी 146 विद्यार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। कक्षा दस में 138 और कक्षा 12 में 342 छात्र-छात्राओं ने परीक्षा दी। कोरोना के कारण इस साल यूपी बोर्ड की परीक्षा नहीं हुई थी। बोर्ड ने तय मानकों के हिसाब से परिणाम जारी किया। साथ ही उन छात्रों को परीक्षा देने का विकल्प दिया, जो अंकों से संतुष्ट नहीं हैं। जिले में 722 छात्रों ने आवेदन किया था। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. धर्मवीर सिंह ने बताया कि चार केंद्रों पर परीक्षा हुई।
सुबह की पाली में कक्षा 10वीं की हिंदी की परीक्षा में 113 बालक और 69 बालिकाओं को भाग लेना था। कुल 182 में से 138 बच्चे परीक्षा देने पहुंचे। 44 ने परीक्षा छोड़ दी। वहीं, दोपहर की पाली में 12वीं की परीक्षा में 304 बालक और 140 बालिकाओं को शामिल होना था। इनमें 102 बच्चों ने परीक्षा छोड़ दी। परीक्षा के समय जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेट मुस्तैद रहे। सोमवार को सुबह की पाली में कक्षा दस की अरबी-फरसी विषय की परीक्षा होगी। इस विषय की परीक्षा में केवल एक छात्र शामिल होगा। परीक्षा नोएडा के होशियारपुर स्थित राजकीय बालिक इंटर कॉलेज में होगी। शाम की पाली में इंटरमीडिएट की संगीत वादन विषय की परीक्षा में पांच छात्र शामिल होंगे।
100 परसेंटाइल हासिल कर अमेय ने पाई कामयाबी
सेक्टर-16 स्थित एपीजे स्कूल के छात्र अमेय 100 परसेंटाइल के साथ जेईई मेंस की टॉपर लिस्ट में शामिल हुए हैं। पहली बार चार चरणों में आयोजित जेईई मेंस की परीक्षा में देशभर से 44 छात्रों ने 100 परसेंटाइल हासिल किए हैं। इनमें से 18 को पहली रैंक मिली है। अमेय सिंघल भी इनमें शामिल हैं। अमेय पिता अमिताभ सिंघल और माता छवि सिंघल के साथ गाजियाबाद में रहते हैं। उनके पिता व दादा आईआईटी बीएचयू के छात्र रह चुके हैं। वहीं, उनके भाई आईआईटी गुवाहाटी में अध्ययनरत हैं। अमेय ने बताया कि वह परिवार के अन्य सदस्यों की ही तरह आईआईटी में जाने का सपना देखते हैं। इसके लिए उन्होंने कड़ी मेहनत की। पहले चरण में 99.94, दूसरे में 99.98 परसेंटाइल हासिल किए थे। उन्हें पढ़ना पसंद है। पढ़ाई से ब्रेक मिलने पर वह सोशल मीडिया पर सक्रिय रहने के साथ ही माता-पिता के साथ घूमना पसंद करते हैं।