नूंह। मेरी फसल-मेरा ब्योरा के तहत जिला के किसानों की शत-प्रतिशत फसल का रजिस्ट्रेशन 20 से 25 दिसंबर तक मनाए जा रहे सुशासन सप्ताह के दौरान ही पूर्ण करवाने के लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। इस लक्ष्य को समय पर हासिल करने के लिए जिले में ग्राम स्तरीय कैंप आयोजित किए जाएंगे। जिनको सफल बनाने के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों के अलावा ग्राम सचिव व पटवारियों की भी ड्यूटी लगाई गई है।
मंगलवार को अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. सुभिता ढाका ने जिला सचिवालय स्थित अपने कार्यालय में जिला के विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने ने कहा उपायुक्त कैप्टन शक्ति सिंह के मार्गदर्शन में मनाया जा रहा सुशासन सप्ताह में मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर जिला के सभी किसानों की फसल का पंजीकरण किया जाएगा। एडीसी ने निर्देश दिए कि सरकार द्वारा आजादी का अमृत महोत्सव के तहत 20 से 25 दिसंबर तक मनाए जा रहे सुशासन सप्ताह के तहत जिले में मेरी फसल-मेरा ब्यौरा का शत-प्रतिशत रजिस्ट्रेशन करवाना सुनिश्चित करें। इस कार्य में किसी तरह की ढिलाई न बरती जाए। उन्होंने बताया जिले में मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर शत-प्रतिशत किसानों का रजिस्ट्रेशन इसी सप्ताह में संपूर्ण करवाने के दृष्टिगत ग्राम स्तरीय कमेटियों का गठन किया गया है और ये कमेटियां संबंधित नोडल अधिकारियों के दिशा-निर्देश के अनुसार कार्य करेंगी।
उन्होंने बताया कि लक्ष्य की प्राप्ति के लिए जिले के कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अतिरिक्त, राजस्व विभाग, बागवानी विभाग, पंचायत विभाग, सिंचाई विभाग व पशुपालन विभाग के अधिकारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है। उन्होंने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह सुशासन सप्ताह के अंतर्गत ग्राम स्तर पर आयोजित किए जाने वाले कैंपों और सीएससी के माध्यम से जिले के उन सभी किसानों का मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करवाएं, जिनका अभी तक किसी कारण से रजिस्ट्रेशन नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि ग्राम स्तर पर आयोजित इन कैंप में संबंधित गांव का नंबरदार, पटवारी व ग्राम सचिव भी मौजूद रहेंगे ताकि रजिस्ट्रेशन में किसी प्रकार की परेशानी को मौके पर ही दूर किया जा सके।
किसानों को जागरूक करने के लिए कराएं मुनादी
अतिरिक्त उपायुक्त ने ग्राम सचिव व पटवारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने अधीन गांवों में किसानों को रजिस्ट्रेशन के लिए जागरूक करने हेतु मुनादी करवाएं। कोई किसान यह शिकायत न करे कि उसे सूचना नहीं मिली थी। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के संबंधित अधिकारी इन ग्राम स्तरीय कैंपों के नोडल अधिकारी होंगे। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अधिकारी प्रचार-प्रसार के माध्यम से मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल से संबंधित समुचित जानकारी मुहैया कराएंगे।
उपमंडल अधिकारी होंगे नोडल अधिकारी
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि संबंधित उपमंडल अधिकारी (नागरिक) अपने-अपने उपमंडल के नोडल अधिकारी होंगे और संबंधित उपमंडल के कानूनगो और कृषि विभाग के अधिकारी (उपमंडल कृषि अधिकारी या खंड कृषि अधिकारी) उनका सहयोग करेंगे। जिला राजस्व अधिकारी को इस कार्य के लिए जिले का नोडल अधिकारी बनाया गया है।