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Noida News: मालगाड़ी की 10 बोगियां पटरी से उतरीं, बुजुर्ग की मौत

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सराय रोहिल्ला रेलवे स्टेशन के पास हादसा, लोहे की शीट रोल लेकर चंडीगढ़ जा रही थी ट्रेन
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हादसे के समय बुजुर्ग दो साथियों के बीन रहे थे कूड़ा, हादसे की वजह का खुलासा नहीं



अमर उजाला ब्यूरो



नई दिल्ली।
सराय रोहिल्ला रेलवे स्टेशन के पास शनिवार सुबह करीब 11:52 बजे मुंबई से चंडीगढ़ जा रही मालगाड़ी की 10 बोगियां पटरी से उतर गईं। ट्रेन में लगीं तीस बोगियों में लोहे के भारी भरकम शीट रोल रखे हुए थे। हादसे में कूड़ा उठाने वाले एक बुजुर्ग की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे के दिल्ली मंडल के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू करवाया। अधिकारियों ने बताया कि हादसे की वजह पता नहीं चल सकी है। प्राथमिकता ट्रैक की खाली करने की है। बोगियों को काटकर क्रेन के सहारे हटाया जा रहा है। रविवार सुबह तक काम पूरा हो जाएगा जिसके बाद ट्रैक की मरम्मत होगी।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, शुरुआती जांच में पता चला है कि जखीरा फ्लाईओवर के नीचे ट्रैक के मोड़ पर ट्रेन के बीच से एक के बाद एक दस बोगियां पलट गईं। इस समय ट्रैक के नजदीक रफीक (70) कूड़ा बीन रहे थे। बोगी की चपेट में आकर उनकी मौके पर ही मौत हो गई। रेलवे पुलिस के डीसीपी केपीएस मल्होत्रा के अनुसार, हादसे की सूचना मिलते ही राहत व बचाव के कार्य शुरू किया गया। रफीक रेलवे के कूड़ा बीनने वाले ठेकेदार के अधीन काम करते थे। उनके साथ दो अन्य लोग भी काम कर रहे थे। हादसे में उन दोनों को चोट नहीं आई है। प्रथमदृष्टया कोई गड़बड़ी सामने नहीं आई है। फोरेंसिक विशेषज्ञ के साथ मोबाइल क्राइम टीम को बुलाकर घटनास्थल का निरीक्षण करवाया गया है।
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हादसे वाले ट्रैक से गुजरतीं हैं सिर्फ मालगाड़ियां
अधिकारियों का कहना है कि इससे यात्री गाड़ियों की आवाजाही पर कोई असर नहीं पड़ेगा। हादसा उस ट्रैक पर हुआ, जिसका इस्तेमाल सिर्फ मालगाड़ियों के लिए किया जाता है। यहां से हर दिन 150-200 मालगाड़ियां गुजरती हैं। वहीं, मरम्मत तक कुछ मालगाड़ियों को सिंगल ट्रैक से गुजारा जाएगा। कुछ को यात्री ट्रेन वाले रूट से निकाला जाएगा।
ट्रैक टूटा या क्लिप, जांच से चलेगा पता

सूत्र बताते हैं कि हादसा जहां हुआ, वहां ट्रैक मुड़ रहा है। मोड़ पर ट्रैक की आउटर लाइन ऊपर और इनर लाइन नीचे है। संभव है कि मोड़ पर ट्रैक कमजोर हो गया था। हादसे के बाद देखा भी गया है कि मोड पर ट्रैक टूटा हुआ है। यह भी हो सकता है कि बोगी के पलटने के दौरान ट्रैक टूटा हो। एक आशंका यह भी है कि बोगियों में रखे लोहे के रोल को बांधने में इस्तेमाल की गई क्लिप टूटने से संतुलन बिगड़ने बोगी पलट गई।
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बोगियों को हटाने के बाद हादसे की होगी जांच

मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) के कार्यकारी सलाहकार प्रेम शंकर झा का कहना है कि फिलहाल ट्रैक से बोगियों को हटाने का काम चल रहा है। इसे पूरा करने में पूरी रात लगेगी। इसके बाद हादसे के पीछे के कारणों का पता लगाया जाएगा। फिलहाल, हादसा कैसे हुआ इस बारे में कुछ कहना जल्दबाजी होगी।
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