एनडीएमसी के कानून अधिकारी रहे एमएम खान की हत्या के मुद्दे पर सोमवार को विधानसभा में चर्चा हुई। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की तरफ से लाए गए एक प्रस्ताव को पास करखान को शहीद का दर्जा दिया गया और दो मिनट का मौन भी रखा गया।
केजरीवाल ने कहा दिल्ली की पुलिस दिल्ली सरकार के अधीन नहीं है, अगर पुलिस उनके पास होती तो हत्यारे चाहे कोई भी होते उसे फांसी के फंदे तक पहुंचा देते। विधानसभा में चर्चा की शुरुआत दिल्ली कैंट से विधायक सुरेंद्र सिंह ने की। उन्होंने भाजपा विधायक करण सिंह तंवर और सांसद महेश गिरी पर इसमामले में दबाव का आरोप लगाया।
सुरेंद्र सिंह ने कहा कि एमएम खान की बेटी ने उन्हें बताया कि उसके पापा को कई दिनों से धमकी मिल रही थी। विधायक अमानतुल्ला ने कहा कि खान के रिटायरमेंट के कुछ साल रह गए थे, लेकिन बेटी की पढ़ाई भी लोन से करवा रहे थे।