मरीजों से कैंसे करें व्यवहार
तकनीकी जानकारी दे रहे विशेषज्ञों का कहना है कि मरीजों की अधिकतर समस्या संवाद के अभाव में बढ़ जाती है। यदि अस्पताल प्रमुख डॉक्टरों के सहयोग से मरीज तक उचित स्थिति व हालत को रख देता है। साथ ही उन्हें विश्वास दिलाता है कि मौजूदा संसाधन में बेहतर उपचार मिलेगा तो अधिकतर समस्याएं अपने आप की खत्म हो जाती है। ऐसे में ट्रेनिंग के दौरान एमडी-एमएस को डॉक्टरों के साथ बातचीत, मरीजों से व्यवहार, स्टाफ की व्यवस्था, अस्पताल के लिए खरीद, अस्पताल प्रबंधन के बारे में बताया जा रहा है। मौजूदा समय में देखा गया है कि कई बार प्रमुख संवाद नहीं करता, जिस कारण समस्याएं फाइलों तक नहीं पहुंच पाती और मरीज परेशान होते हैं। इसका असर उपचार पर पड़ता है। इसे दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
सभी स्टाफ को मिलेगी ट्रेनिंग
अस्पतालों को सुधारने के लिए एमडी-एमएस के साथ आने वाले दिनों में सभी वर्ग को ट्रेनिंग दी जाएगी। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में अस्पताल के सभी डॉक्टर, नर्स, स्वास्थ्य कर्मी, वार्ड वॉय को भी संवाद करने का गुर सिखाया जाएगा। साथ ही मरीजों की समस्या को मौके पर हल करने के बारे में बताया जाएगा।
इन विषयों पर चल रही है चर्चा
- अस्पताल में जरूरी खरीद को जल्द करना
- स्टोर व काउंटर के बीच उचित प्रबंधन
- लॉडरी, किचन, दवा केंद्र में उपलब्धता बनाए रखना
- डॉक्टरों की समस्या दूर करना
- स्टाफ की समस्या को दूर करना
- मरीज की मौत होने पर उचित तरीके से बताना