केजरीवाल ने कहा कि सड़क के किनारे रेहड़ी-पटरी लगाकर काम करना मुश्किल होता है। कभी पुलिस परेशान करती है, कभी कमेटी तो कभी अफसर आकर परेशान करते हैं। हम चाहते हैं कि उन्हें इन परेशानियों से छुटकारा मिले।
रेहड़ी-पटरी वालों का दिल्ली नगर निगम सर्वे कराएगा और दुकान लगाने के लिए जगह देगा। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि पूरी दिल्ली में सभी रेहड़ी-पटरी पर दुकान लगाने वालों का सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद ये लोग बिना किसी परेशानी के दुकान लगा सकेंगे। इसके बाद पुलिस, कमेटी या अधिकारी इन्हें परेशान नहीं कर सकेंगे।
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केजरीवाल ने कहा कि सड़क के किनारे रेहड़ी-पटरी लगाकर काम करना मुश्किल होता है। कभी पुलिस परेशान करती है, कभी कमेटी तो कभी अफसर आकर परेशान करते हैं। हम चाहते हैं कि उन्हें इन परेशानियों से छुटकारा मिले। उन्हें इज्जत की जिंदगी मिले, वे इज्जत के साथ अपना काम कर सकें, अपनी दुकान लगा सकें। हमारी जिम्मेदारी है कि हम रेहड़ी-पटरी वालों को अच्छी व्यवस्था दें।
उन्होंने आगे कहा कि रेहड़ी पटरी पर दुकान लगाने वाले अपने घर का खर्चा चलाने के लिए छोटे-मोटे काम करने के लिए मजबूर हैं। सरकार की जिम्मेदारी है कि इन लोगों को भी अच्छी व्यवस्था दे, ताकि वो भी अपने परिवार का भरण पोषण अच्छे से कर सकें। इसके लिए हमने निर्णय लिया है कि जहां-जहां ऐसी दुकानें हैं उनका सर्वे किया जाएगा। जिसमें कितने दुकानदार किस इलाके में हैं, कौन-कौन कहां बैठता है जैसी जानकारी ली जाएगी। जिससे हम उनके लिए उचित व्यवस्था कर सकें।
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केजरीवाल ने आगे कहा कि इस सर्वे में कुछ महीने लगेंगे। जिसके बाद रेहड़ी-पटरी वाले अपनी दुकान बिना किसी परेशानी के चला सकेंगे। उनसे कोई रिश्वत नहीं लेगा। ना कोई पुलिसवाला, कमेटी वाला कोई भी परेशान नहीं करेगा। ऐसी व्यवस्था की जाएगी जिससे किसी को भी कोई परेशानी होगी। रेहड़ी-पटरी पर काम करने वाले सब अपने हैं, इनका ध्यान रखना हमारी जिम्मेदारी है, इनके बिना हमारा काम नहीं चल सकता।